कुमार उत्तम/मुजफ्फरपुर। जिले में कानून-व्यवस्था को चुनौती देते हुए बीते 15 जून को कच्ची पक्की थाना क्षेत्र के माधोपुर सुस्ता में स्वर्ण व्यवसाई दीपक कुमार की निर्मम हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। मुजफ्फरपुर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस सनसनीखेज वारदात में शामिल दो कुख्यात अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से घटना में प्रयुक्त एक पिस्तौल भी बरामद की गई है।

​घटना का विवरण

​बीते 15 जून की रात जब स्वर्ण व्यवसाई दीपक कुमार अपनी दुकान बंद कर घर लौट रहे थे तभी मोटरसाइकिल सवार तीन अज्ञात अपराधियों ने उन्हें घेर लिया। लूटपाट का विरोध करने पर अपराधियों ने दीपक कुमार को गोली मार दी जिससे उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। इस वारदात ने इलाके में दहशत फैला दी थी।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई और जांच

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तुरंत मोर्चा संभाला। वैज्ञानिक साक्ष्यों को जुटाने के लिए एफएसएल (FSL) और श्वान दस्ते की मदद ली गई। तिरहुत क्षेत्र के उप महानिरीक्षक (DIG) और वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) ने स्वयं घटनास्थल का निरीक्षण किया। निष्पक्ष और त्वरित जांच के लिए सिटी एसपी और नगर एसडीपीओ-2 के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। मृतक के पुत्र के आवेदन पर सदर थाना कांड संख्या 596/26 के तहत मामला दर्ज किया गया था।

​मुख्य लाइनर और अपराधी की गिरफ्तारी

​पुलिस ने तकनीकी और मानवीय खुफिया तंत्र का उपयोग करते हुए लगातार छापेमारी की। इसी क्रम में सकरा थाना क्षेत्र के रहने वाले दो मुख्य आरोपी मो. आजाद उर्फ तमन्ना और प्रमोद कुमार उर्फ जटाह को गिरफ्तार किया गया।
​सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने जानकारी दी कि मो. आजाद उर्फ तमन्ना इस घटना का मुख्य लाइनर था। पूछताछ में पता चला कि लूट की कोशिश विफल होने पर उन्होंने स्वर्ण व्यवसाई को गोली मार दी थी। दोनों अभियुक्त पहले से ही सकरा थाना में डकैती, लूट और आर्म्स एक्ट जैसे गंभीर मामलों में नामजद हैं। पुलिस शेष अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए अभी भी सघन छापेमारी कर रही है। यह गिरफ्तारी मुजफ्फरपुर पुलिस की तत्परता और पेशेवर जांच का परिणाम है जिसने अपराधियों में खौफ पैदा कर दिया है।