नारायणगढ़ उपमंडल में आयोजित समाधान शिविर में एसडीएम शिवजीत भारती ने पेंशन, राशन कार्ड और पेयजल जैसी जनसमस्याओं को सुनकर अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
राजेश वर्मा, अंबाला। नारायणगढ़ उपमंडल स्तर पर आयोजित ‘समाधान शिविर’ में एसडीएम शिवजीत भारती ने क्षेत्र के नागरिकों की विभिन्न समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस शिविर का आयोजन आमजन की शिकायतों का त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी ढंग से निपटारा करने के उद्देश्य से किया गया। एसडीएम ने उपस्थित संबंधित विभागों के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्राप्त शिकायतों का समाधान एक निर्धारित समयावधि के भीतर सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता नागरिकों की समस्याओं को हल करना और सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाना है।
स्थानीय लोगों की समस्याएं
समाधान शिविर के दौरान ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से आए लोगों ने अपनी मांगें रखीं। गांव कुराली की बेबी रानी और जतिन पाल ने परिवार पहचान पत्र (पीपीपी) में नाम और जाति संबंधी त्रुटियों को ठीक करवाने की गुहार लगाई। वहीं, गांव टोका के बंगाली राम ने अपनी वृद्धावस्था पेंशन लगवाने का अनुरोध किया। नगरपालिका वार्ड-11 के नरेन्द्र कुमार सहित गांव मंगलौर, सम्भालवा और अंधेरी के निवासियों ने बीपीएल राशन कार्ड कटने की समस्या साझा की और नए कार्ड बनवाने की मांग रखी। इन सभी संवेदनशील मुद्दों पर एसडीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी शिकायत में अनावश्यक देरी न की जाए।
बुनियादी सुविधाओं और भूमि मामलों पर निर्देश
शिविर में बुनियादी ढांचे और सुरक्षा से जुड़े मामले भी प्रमुखता से आए। गांव लालपुर के ग्रामीणों ने घरों के पास खड़े सफेदे के पेड़ों से जान-माल के खतरे का हवाला देते हुए उन्हें कटवाने की मांग की, जबकि पंजलासा के राकेश कुमार ने पेयजल किल्लत की समस्या उठाई। जमीन के इंतकाल से संबंधित मुद्दे पर सैन माजरा के रामकुमार ने अपना अनुरोध पेश किया। एसडीएम शिवजीत भारती ने इन शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर हल करने के निर्देश देते हुए कहा कि समाधान के पश्चात इसकी विस्तृत रिपोर्ट निर्धारित प्रारूप में पोर्टल पर अपलोड की जाए, ताकि जवाबदेही सुनिश्चित हो सके।
प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति
इस महत्वपूर्ण शिविर में नायब तहसीलदार सुनील कुमार, सीएम विंडो एमिनेंट पर्सन जसवीन्द्र सिंह बख्तुआ सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी तैनात रहे। एसडीएम ने समापन पर कहा कि सरकार का लक्ष्य अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाना है। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि शिकायतों के निवारण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में भी इस तरह के शिविरों का आयोजन निरंतर जारी रहेगा ताकि लोगों को अपने छोटे-छोटे कार्यों के लिए दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें।

