ओडिशा सरकार ने बुधवार को राज्य में फिल्म आर्काइव स्थापित करने के लिए फिल्म हेरिटेज फाउंडेशन के साथ समझौते पर हस्ताक्षर MOU किए। यह समझौता भुवनेश्वर में आयोजित 10वें फिल्म प्रिजर्वेशन और रिस्टोरेशन वर्कशॉप के समापन समारोह में किया गया।
उपमुख्यमंत्री केवी सिंह देव ने कहा, “फिल्म हमारे सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन की वास्तविक तस्वीर को दर्शाती है। इसकी संरक्षण से वे सिनेमाई रत्न, जो हमारी यादों से खो रहे हैं, फिर से जीवित किए जा सकते हैं और सुरक्षित रखे जा सकते हैं।”
हस्तशिल्प, वस्त्र और हथकरघा मंत्री प्रदीप बल सामंता ने कहा कि पुराने ओड़िया फिल्में प्रेरणा का स्रोत हैं। उन्होंने कहा, “इनकी सुरक्षा और संरक्षण हमारी जिम्मेदारी है।”
यह वर्कशॉप 12 नवंबर से चल रही थी और इसे फिल्म हेरिटेज फाउंडेशन, इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ फिल्म आर्काइव्स, तथा राज्य सरकार के हैंडलूम, टेक्सटाइल और हैंडीक्राफ्ट विभाग के सहयोग से आयोजित किया गया।

तकनीक, और पुरानी फिल्में सुरक्षित करने के तरीकों पर व्याख्यान और प्रशिक्षण सत्र शामिल थे। इस पहल से ओडिशा की समृद्ध फिल्म विरासत को संरक्षित करने और आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी।
राज्य फिल्म आर्काइव के माध्यम से ओड़िया फिल्मों के इतिहास और सांस्कृतिक महत्व को संरक्षित कर, उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रस्तुत करने का अवसर भी मिलेगा।
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