Odisha Stops Andhra Health Camp: कोरापुट. ओडिशा प्रखंड प्रशासन ने शुक्रवार को कोरापुट जिले के कोटिया क्षेत्र में आयोजित आंध्र प्रदेश के स्वास्थ्य शिविर को रोक दिया, क्योंकि पार्वतीपुरम मान्यम ज़िले के अधिकारियों ने उपर गणिजईपदार गांव में चिकित्सा सेवाएं प्रदान करने का प्रयास किया था.
तोनम स्वास्थ्य केंद्र के अंतर्गत कार्यरत मोबाइल स्वास्थ्य दल सेवाएं प्रदान करने के लिए उस क्षेत्र में पहुंच गया.
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स्थानीय सूत्रों ने बताया कि आंध्र प्रदेश के अधिकारी राज्य की योजनाओं का विस्तार करने के लिए बार-बार कोटिया पंचायत में प्रवेश कर रहे हैं. उन्होंने राशन कार्ड वितरित किए, वन भूमि के पट्टे जारी किए और कोटिया निवासियों को शिक्षा एवं स्वास्थ्य सेवाएँ प्रदान कीं. इन गतिविधियों ने विवादित सीमावर्ती गाँवों में आंध्र प्रदेश के बढ़ते प्रभाव को लेकर ओडिशा प्रशासन में चिंताएँ पैदा कर दीं.
पोटांगी प्रखंड विकास अधिकारी रामकृष्ण नायक को स्वास्थ्य शिविर के बारे में सूचना मिली और उन्होंने अधिकारियों को कोटिया पुलिस के साथ मौके पर पहुंच ने का निर्देश दिया. दल तुरंत पहुंच गया और आंध्र प्रदेश के कार्यक्रम को रोक दिया. उन्होंने आंध्र प्रदेश के अधिकारियों को भविष्य में ओडिशा क्षेत्र के अंदर स्वास्थ्य सेवाएँ संचालित न करने की चेतावनी भी दी.
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ओडिशा के अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि कोटिया कोरापुट जिले का हिस्सा है और केवल ओडिशा सरकार की एजेंसियां ही वहां कल्याणकारी सेवाएँ प्रदान कर सकती हैं. उन्होंने कहा कि आंध्र प्रदेश के अधिकारियों द्वारा कोटिया में योजनाएँ चलाने के बार-बार प्रयास ओडिशा के अधिकार क्षेत्र को कमजोर करते हैं.
Odisha Stops Andhra Health Camp. इस घटना ने कोटिया पंचायत को लेकर ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच चल रहे प्रशासनिक विवाद को उजागर किया है. दोनों राज्य लाभ देने की कोशिश में निवासियों को अक्सर असमंजस की स्थिति का सामना करना पड़ता है. ओडिशा प्रशासन स्थिति पर नज़र रखता है और नियमित हस्तक्षेप के माध्यम से अपने अधिकार का दावा करता है.

