अमृतसर : पंजाब के बाबा बकाला में राखड़ पुनिया मेले के अवसर पर होने वाली सियासी रैलियों की तैयारियां जोरों पर हैं। इस सालाना मेले में पंजाब के प्रमुख राजनीतिक दल अपनी ताकत दिखाने के लिए तैयार हैं। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान अपनी कैबिनेट के साथ आम आदमी पार्टी (AAP) की रैली में शामिल होंगे, जहां वे विपक्षी दलों को घेरने और अपनी सरकार के कार्यों को जनता के सामने पेश करने का प्रयास करेंगे।
राजनीतिक विश्लेषकों ने इन रैलियों को ‘शक्ति प्रदर्शन’ करार दिया है। यह रैलियां तरनतारन उपचुनाव से पहले हो रही हैं, जो बाबा बकाला से करीब 40 किलोमीटर दूर है। हालांकि, चुनाव आयोग ने अभी उपचुनाव की तारीख की घोषणा नहीं की है। AAP की ओर से मुख्यमंत्री भगवंत मान कई कैबिनेट मंत्रियों के साथ इस रैली को संबोधित करेंगे। स्थानीय नेता अधिक से अधिक समर्थकों को जुटाने की कोशिश में जुटे हैं ताकि विपक्ष और किसानों द्वारा लगातार किए जा रहे हमलों का जवाब दिया जा सके।
शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल भी इस रैली को संबोधित करेंगे। इसे उनकी सबसे बड़ी सियासी सभा माना जा रहा है, जिसमें वे अपने घटते समर्थन को मजबूत करने और धार्मिक मुद्दों पर उत्पन्न विवादों के बीच पार्टी को एकजुट करने की कोशिश करेंगे। हाल ही में अकाली दल ने अकाल तख्त की सिफारिश पर नए अध्यक्ष के चयन के लिए एक पैनल बनाया है, जिसके लिए 11 अगस्त को चुनाव होना है।
वहीं, कांग्रेस के सांसद गुरजीत सिंह औजला ने कहा कि उनकी इस दौरान कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहेंगे।

पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग और सुखजिंदर सिंह रंधावा इस रैली को संबोधित करेंगे। तरनतारन, गुरदासपुर और अमृतसर से पार्टी कार्यकर्ता बसों के जरिए इस रैली में शामिल होंगे। कांग्रेस 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले अपने आंतरिक मतभेदों को खत्म करने की कोशिश कर रही है।
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