Rajasthan News: संत दादू दयाल जी की तपोस्थली भैराणा धाम में रीको (RICO) औद्योगिक क्षेत्र के खिलाफ चल रहा आंदोलन अब सीधे सियासी अखाड़े में बदल गया है। नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल और जयपुर प्रशासन के बीच बुधवार-गुरुवार की आधी रात को लिखित समझौता तो हो गया, लेकिन इस आंदोलन के मंच से निकले कड़वे बोल ने राजस्थान की सियासत में उबाल ला दिया है।

बेनीवाल का बड़ा बयान और मूर्खाधिराज की उपाधि
भैराणा धाम में हजारों समर्थकों के सामने राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और उनकी कैबिनेट पर सीधा हमला बोला। उन्होंने मुख्यमंत्री को ‘मूर्खाधिराज’ (मूर्खों का राजा) और मंत्रियों को ‘मूर्ख’ कह डाला। बेनीवाल ने मंच से खुली चुनौती दी कि वे जिसके पीछे पड़ते हैं, उसे दिन में तारे दिखा देते हैं। उनके इस बयान के बाद पूरी भाजपा गुस्से में है।
मदन राठौड़ का पलटवार: सुपर गुंडा बन रहे हैं बेनीवाल
बेनीवाल के इस बयान के बाद जयपुर में सियासत गरमा गई। बुधवार रात करीब 11 बजे बीजेपी के प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने अपने आवास पर मीडिया से बात की। उन्होंने बेनीवाल की भाषा पर कड़ा गुस्सा जताते हुए कहा कि अपनी टीआरपी बढ़ाने के लिए इतने घटिया शब्दों का सहारा लिया जा रहा है। राठौड़ ने तंज कसा कि जैसे कोई गुंडा या सुपर गुंडा बनकर फिरौती और हफ्ता वसूली करता है, वैसी ही भाषा आजकल कुछ नेता बोल रहे हैं। उन्होंने मीडिया से भी ऐसे नेताओं का बहिष्कार करने की मांग की ताकि राजनीति का शुद्धीकरण हो सके।
किस नशे में भाषण देते हैं, जनता सब जानती है
भाजपा के प्रदेश मुख्य प्रवक्ता रामलाल शर्मा ने कहा कि राजस्थान की जनता भली-भांति जानती है कि बेनीवाल किस नशे में होकर ऐसे भाषण देते हैं। शर्मा ने कड़े लहजे में कहा कि बेनीवाल को यह गलतफहमी है कि केवल उनकी मां ने ही उन्हें दूध पिलाया है, राजस्थान का हर व्यक्ति मजबूत है। उन्होंने याद दिलाया कि विधानसभा चुनाव में आरएलपी पहले ही ‘जीरो’ पर आ चुकी है और ऐसी सोच रही तो पार्टी पूरी तरह रसातल में चली जाएगी।
आधी रात को कैसे टला जयपुर कूच?
इस पूरे विवाद की असली वजह मोजमाबाद तहसील के भैराणा धाम के पास प्रस्तावित इंडस्ट्रियल एरिया है। संतों और स्थानीय लोगों के आंदोलन को समर्थन देने पहुंचे बेनीवाल ने भीषण गर्मी में शाम को ‘जयपुर कूच’ का ऐलान कर दिया था। समर्थक उग्र हो गए और बीचून पुलिस चौकी के पास लगे बैरिकेड्स तोड़कर आगे बढ़ गए।
मामला बिगड़ता देख जयपुर जिला कलेक्टर संदेश नायक और रेंज आईजी राहुल प्रकाश खुद मोकमपुरा पहुंचे। सड़क पर ही देर रात तक बातचीत का दौर चला। आखिरकार रात करीब 1:30 बजे प्रशासन ने लिखित आश्वासन दिया कि 800 बीघा जमीन पर रीको का काम तुरंत रोका जाएगा और जमीन की समीक्षा के लिए विशेष कमेटी बनेगी। इसके बाद ही जयपुर कूच का फैसला टला।
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