Rajasthan News: राजधानी जयपुर में शिप्रापथ थाना पुलिस ने एक सेक्सटॉर्शन गैंग का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी टोंक जिले के निवासी मानसिंह गुर्जर और सुरेंद्र हैं। पुलिस पूछताछ में दोनों ने डेटिंग ऐप ‘ग्राइंडर’ के जरिए कई युवाओं को ब्लैकमेल कर पैसे ऐंठने की बात कबूल की है।

ऐसे फंसाते थे शिकार
पुलिस के अनुसार, आरोपी ‘ग्राइंडर’ ऐप पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर युवाओं से चैट करते थे। आकर्षक बातचीत के जरिए विश्वास जीतने के बाद वे पीड़ित को सुनसान जगह पर मिलने बुलाते। वहां से युवक को किराए के कमरे पर ले जाकर उसके कपड़े उतरवाते और जबरन अश्लील वीडियो रिकॉर्ड कर लेते। इसके बाद खुद को साइबर पुलिसकर्मी बताकर धमकाते कि युवक गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल है और उसका वीडियो वायरल कर दिया जाएगा। इस डर से पीड़ित से मोटी रकम वसूली जाती थी।
छात्र की शिकायत से खुला मामला
मामला तब सामने आया जब 4 जून को एक प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहा छात्र इस गैंग का शिकार बना। आरोपियों ने उससे 10 हजार रुपये में से 9 हजार रुपये ऐंठ लिए। पीड़ित की शिकायत पर शिप्रापथ थाना पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस को मिले अहम सबूत
आरोपियों के मोबाइल से कई अन्य पीड़ितों के वीडियो बरामद हुए हैं। तलाशी के दौरान एक रजिस्टर भी मिला, जिसमें पीड़ितों से लिखवाया गया था कि वे किसी को कुछ नहीं बताएंगे, वरना उनके खिलाफ शिकायत दर्ज होगी। पुलिस ने इस रजिस्टर को ब्लैकमेलिंग का अहम सबूत माना है।
शिप्रापथ थाना पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर अन्य पीड़ितों और संभावित मामलों की जानकारी जुटा रही है। पुलिस का कहना है कि इस गैंग ने कई युवाओं को निशाना बनाया हो सकता है। जयपुर पुलिस ने लोगों से सतर्क रहने और अनजान ऐप्स पर व्यक्तिगत जानकारी साझा न करने की अपील की है।
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