वाराणसी में कांग्रेसजनों ने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की जयंती पर मैदागिन चौराहे स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी. कार्यक्रम में उनके राष्ट्र निर्माण में योगदान को याद करते हुए सामाजिक एकता और सद्भाव मजबूत करने का संकल्प लिया गया.
वाराणसी. गुरुवार को भारत रत्न और पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी की जयंती कांग्रेसजनों ने सद्भावना दिवस के रूप में मनाई. मैदागिन चौराहे पर स्थित उनकी प्रतिमा पर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने माल्यार्पण किया तथा पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी.
योगदान को किया याद
कार्यक्रम के दौरान कांग्रेसजनों ने राजीव गांधी के जीवन, विचारों और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को याद किया. वक्ताओं ने कहा कि उन्होंने भारत को 21वीं सदी में ले जाने का सपना देखा और विज्ञान, तकनीक, शिक्षा, संचार तथा पंचायती राज व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की.
कांग्रेस नेताओं के मुताबिक राजीव गांधी युवाओं को देश की ताकत मानते थे और उन्हें राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ने पर जोर देते थे. उन्होंने कहा कि राजीव गांधी भारत की एकता और अखंडता के लिए आपसी भाईचारे, सामाजिक समरसता और सद्भाव को महत्वपूर्ण मानते थे.
राघवेन्द्र चौबे ने कही बात
महानगर कांग्रेस कमेटी, वाराणसी के अध्यक्ष राघवेन्द्र चौबे ने कहा कि राजीव गांधी का जीवन भारत को आधुनिक, आत्मनिर्भर और मजबूत राष्ट्र बनाने के लिए समर्पित रहा. उन्होंने कहा कि राजीव गांधी ने युवाओं को नई ऊर्जा और दिशा देने के साथ देश में तकनीकी और वैज्ञानिक विकास को आगे बढ़ाने का काम किया.
उन्होंने पंचायती राज संस्थाओं को मजबूती देने और लोकतंत्र को गांवों तक पहुंचाने में राजीव गांधी के योगदान को भी याद किया. राघवेन्द्र चौबे ने कहा कि उनकी जयंती को सद्भावना दिवस के रूप में मनाने का संदेश वर्तमान समय में और अधिक महत्वपूर्ण है.
एकता का लिया संकल्प
कार्यक्रम में कांग्रेसजनों ने कहा कि देश की विविधता उसकी ताकत है. सामाजिक सौहार्द, आपसी भाईचारे और सभी धर्मों तथा वर्गों के प्रति सम्मान की भावना को मजबूत करना, लोकतंत्र और संविधान की रक्षा करना तथा अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करना राजीव गांधी के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी.
इस अवसर पर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने राजीव गांधी के बताए मार्ग पर चलने, देश की एकता और अखंडता की रक्षा करने तथा समाज में प्रेम, भाईचारे और सद्भाव को मजबूत करने का संकल्प लिया. कार्यक्रम के दौरान ‘राजीव गांधी अमर रहें’ के नारों के साथ उन्हें श्रद्धांजलि दी गई.

