रेवाड़ी के वार्ड 14 से नवनिर्वाचित पार्षद और उनके साथियों पर विजय जुलूस के दौरान हमला हुआ, जिसमें पूर्व पार्षद दलीप माटा गंभीर रूप से घायल हो गए। कांग्रेस पृष्ठभूमि के इन नेताओं ने भाजपा प्रत्याशी समर्थकों पर हमले का आरोप लगाया है।

धनेश, रेवाड़ी। नगर परिषद के वार्ड नंबर 14 के चुनाव परिणामों के बाद शहर के नई आबादी इलाके में उस वक्त भारी तनाव फैल गया, जब नवनिर्वाचित पार्षद एडवोकेट चंदन यादव के विजय जुलूस पर जानलेवा हमला कर दिया गया। मतगणना के तुरंत बाद निकले इस जुलूस में शामिल नवनिर्वाचित पार्षद और पूर्व पार्षद दलीप माटा को निशाना बनाया गया। वारदात उस समय हुई जब जीत का जश्न मनाया जा रहा था, तभी अज्ञात हमलावरों ने खूनी खेल खेला। सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। फिलहाल दोनों घायलों को इलाज के लिए रेवाड़ी के ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी स्थिति पर डॉक्टरों की टीम नजर रखे हुए है।

चुनावी रंजिश और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप

इस सनसनीखेज वारदात के पीछे चुनावी रंजिश का रंग साफ तौर पर उभर कर सामने आया है। पीड़ित पक्ष, जो कि कांग्रेस पृष्ठभूमि से जुड़ा है, ने सीधे तौर पर भाजपा प्रत्याशी और उनके समर्थकों पर हार की बौखलाहट में हमला करने का आरोप लगाया है। घटना की खबर मिलते ही पूर्व विधायक चिरंजीव राव तुरंत ट्रामा सेंटर पहुंचे और घायलों का हाल जाना। पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा के शासन में सरेआम गुंडागर्दी हो रही है। उन्होंने कहा कि एक नवनिर्वाचित प्रतिनिधि पर इस तरह का हमला प्रदेश की चरमराई हुई कानून-व्यवस्था का प्रमाण है।

वकीलों का कड़ा रुख और कानूनी कार्रवाई

एडवोकेट चंदन यादव पर हुए हमले ने कानूनी गलियारों में भी रोष पैदा कर दिया है। रेवाड़ी बार एसोसिएशन ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। बार प्रधान विश्वामित्र ने स्पष्ट घोषणा की है कि आरोपियों की पैरवी अदालत में कोई भी स्थानीय वकील नहीं करेगा। बार एसोसिएशन ने चेतावनी दी है कि वकीलों के खिलाफ हिंसा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वर्तमान में पुलिस ट्रामा सेंटर में पीड़ितों के बयान दर्ज कर रही है और आरोपियों की धरपकड़ के लिए छापेमारी की जा रही है। शहर में स्थिति को शांतिपूर्ण बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है।

जांच में जुटी पुलिस

पुलिस प्रशासन का कहना है कि वे हर पहलू से मामले की जांच कर रहे हैं और दोषियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। चंदन यादव के समर्थकों का दावा है कि यह एक सोची-समझी साजिश थी ताकि जीत के उत्साह को दबाया जा सके। वहीं, नई आबादी इलाके में इस घटना के बाद सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं ताकि चुनावी रंजिश आगे न बढ़े। बार एसोसिएशन ने पुलिस को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है, जिसके बाद उन्होंने बड़े आंदोलन की चेतावनी भी दी है।