पहलवान सागर धनखड़ हत्याकांड में ओलंपियन पहलवान सुशील कुमार को दिल्ली हाई कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। गुरुवार को अदालत ने उनकी नियमित जमानत याचिका खारिज कर दी। इसके साथ ही निचली अदालत के उस आदेश को बरकरार रखा गया, जिसमें उनकी जमानत देने से इनकार किया गया था।
क्या है मामला?
साल 2021 में दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम में हुई मारपीट के दौरान युवा पहलवान सागर धनखड़ की मौत हो गई थी। इस मामले में सुशील कुमार समेत कई लोगों के खिलाफ हत्या और अन्य गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। घटना के बाद सुशील कुमार को गिरफ्तार किया गया और तभी से यह मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है।
जमानत के लिए क्या दलील दी गई?
सुशील कुमार ने दिल्ली हाई कोर्ट में दायर अपनी नियमित जमानत याचिका में कहा था कि रोहिणी कोर्ट में अभियोजन पक्ष के सभी प्रमुख और महत्वपूर्ण गवाहों की गवाही पूरी हो चुकी है। उनका तर्क था कि अब गवाहों को प्रभावित करने की आशंका नहीं है, इसलिए उन्हें नियमित जमानत दी जानी चाहिए। उन्होंने रोहिणी कोर्ट द्वारा 6 फरवरी को पारित उस आदेश को भी चुनौती दी थी, जिसमें उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी गई थी।
हाई कोर्ट ने क्यों नहीं दी राहत?
सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद दिल्ली हाई कोर्ट ने सुशील कुमार की नियमित जमानत याचिका को खारिज कर दिया। अदालत ने फिलहाल निचली अदालत के फैसले में हस्तक्षेप करने से इनकार करते हुए जमानत पर लगी रोक को बरकरार रखा।
मामले पर आगे क्या होगा?
अब इस बहुचर्चित सागर धनखड़ हत्याकांड में ट्रायल की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। हाई कोर्ट के इस फैसले के बाद सुशील कुमार को फिलहाल जेल में ही रहना होगा। यदि वह राहत चाहते हैं, तो उनके पास उच्च न्यायालय के आदेश को आगे की कानूनी प्रक्रिया के तहत चुनौती देने का विकल्प उपलब्ध रहेगा।
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m


