अविनाश श्रीवास्तव/सासाराम। कांग्रेस के सासाराम सांसद मनोज कुमार ने अयोध्या स्थित भगवान श्री राम मंदिर निर्माण के लिए एकत्रित चंदे में कथित घोटाले को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। सासाराम में पत्रकारों से चर्चा के दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि जिन लोगों ने राम मंदिर के नाम पर देश भर में चंदा इकट्ठा किया उन्होंने ही अब मंदिर की संपत्ति में डाका डाला है।

​मंदिर के रखवालों ने ही लूटी आस्था

​सांसद मनोज कुमार ने बेहद तल्ख लहजे में कहा कि देश की जनता ने अपार श्रद्धा, विश्वास और आस्था के साथ प्रभु श्री राम के चरणों में अपना चढ़ावा अर्पित किया था। लेकिन विडंबना यह है कि जिन लोगों के कंधों पर मंदिर की सुरक्षा और विकास की जिम्मेदारी थी उन्हीं लोगों ने मंदिर के धन को लूटने का काम किया। उन्होंने आगे कहा जो लोग कल तक राम मंदिर को लेकर गांव-गांव घूमते थे आज वे ही मंदिर में हुई चोरी के मुख्य आरोपी हैं।

​सीधे केंद्र सरकार को ठहराया जिम्मेदार

​सांसद ने इस कथित घोटाले के लिए सीधे तौर पर केंद्र सरकार को दोषी करार दिया। उन्होंने तर्क दिया कि मंदिर प्रबंधन और उससे जुड़ी संस्थाओं पर सरकार का परोक्ष नियंत्रण है ऐसे में इतनी बड़ी धांधली बिना मिलीभगत के संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि यह केवल आर्थिक भ्रष्टाचार नहीं बल्कि करोड़ों हिंदुओं की आस्था के साथ किया गया विश्वासघात है।

​अमरनाथ तक पहुंच गए लुटेरे

​सांसद मनोज कुमार ने एक और सनसनीखेज आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी मिल रही है कि अब इन लोगों ने अमरनाथ यात्रा के प्रबंधन और वहां चढ़ने वाले चढ़ावे में भी गड़बड़ी शुरू कर दी है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा जिन लोगों ने प्रभु श्री राम को नहीं बख्शा उनसे और क्या उम्मीद की जा सकती है? अब ये लोग अमरनाथ में भी डकैती की पटकथा लिख रहे हैं।
​सांसद के इस बयान ने स्थानीय राजनीति में खलबली मचा दी है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि जनता के गाढ़ी कमाई का पैसा आखिर कहां गया और इसके पीछे कौन-कौन से चेहरे शामिल हैं।