हेमंत सरकार छात्रों से बातचीत में जुटी, पूर्व परीक्षा नियंत्रक श्वेता गुप्ता समेत 19 आरोपी जेल भेजे गए, CBI जांच की मांग पर विपक्ष का प्रदर्शन

रांची। झारखंड में JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित धांधली का मामला अब दो मोर्चों पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। एक तरफ मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की पहल पर सरकार आंदोलनकारी छात्रों से संवाद कर गतिरोध खत्म करने की कोशिश कर रही है, वहीं दूसरी तरफ मामले की जांच कर रही CID ने कार्रवाई तेज करते हुए अब तक 19 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। गिरफ्तार लोगों में JPSC की पूर्व परीक्षा नियंत्रक श्वेता गुप्ता भी शामिल हैं।

CID की बड़ी कार्रवाई, जांच में तेजी

सूत्रों के अनुसार, भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितता, पेपर लीक और धांधली के आरोपों की जांच में CID लगातार छापेमारी और पूछताछ कर रही है। अब तक 19 लोगों की गिरफ्तारी इस मामले में अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है।

विधानसभा सत्र से पहले गरमाई सियासत

गुरुवार सुबह झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र की शुरुआत से पहले ही राजनीतिक माहौल गर्म हो गया। BJP विधायकों और नेताओं ने विधानसभा परिसर के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और JPSC-JSSC धांधली को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। विपक्ष ने पूरे मामले की CBI जांच और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग दोहराते हुए सरकार पर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया।

10 दिन से अधिक समय से जारी छात्र आंदोलन

JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में सुधार तथा कथित धांधली के विरोध में अभ्यर्थी पिछले 10 से अधिक दिनों से रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में आंदोलन कर रहे हैं। लगातार बारिश और खराब मौसम के बावजूद छात्र अपनी मांगों पर डटे हुए हैं।

आज होगी सरकार और छात्रों की औपचारिक वार्ता

आंदोलन को समाप्त कराने और समाधान निकालने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल गठित किया है। अब से कुछ ही देर में सरकार का यह प्रतिनिधिमंडल आंदोलनकारी छात्रों के प्रतिनिधियों से औपचारिक वार्ता करेगा। इस बैठक को आंदोलन के भविष्य और सरकार की अगली रणनीति के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है।

अब निगाहें दो मोर्चों पर

एक ओर CID की जांच और गिरफ्तारी की कार्रवाई तेज है, दूसरी ओर सरकार और छात्रों के बीच होने वाली वार्ता पर पूरे झारखंड की नजरें टिकी हैं। सवाल यही है कि क्या बातचीत से आंदोलन का समाधान निकलेगा, या फिर जांच और राजनीतिक टकराव के बीच यह विवाद और गहराएगा।