शब्बीर अहमद, भोपाल। मध्य प्रदेश में TET अनिवार्यता को लेकर शिक्षकों का विरोध तेज होता जा रहा है। राजधानी भोपाल में DPI कार्यालय के बाहर आज बड़ी संख्या में शिक्षकों ने प्रदर्शन किया। दरअसल, शिक्षा विभाग द्वारा जारी आदेश के तहत वर्ष 2009 से पहले भर्ती हुए शिक्षकों के लिए TET परीक्षा अनिवार्य कर दी गई है। खासतौर पर उन शिक्षकों को, जिनकी नौकरी में अभी 5 साल से अधिक का समय शेष है, TET पास करना जरूरी होगा।
READ MORE: MP में एक और सोनम: बॉयफ्रेंड की चाहत में ‘प्रियंका’ ने कराया पति का कत्ल, मर्डर के बाद गढ़ी ये खौफनाक कहानी
इस फैसले के विरोध में प्रदेशभर के जिला मुख्यालयों पर भी आज शिक्षकों ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी शिक्षकों का कहना है कि लंबे समय से सेवा दे रहे शिक्षकों पर इस तरह की शर्त थोपना अनुचित है। शिक्षकों ने सरकार से मांग की है कि इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दाखिल की जाए, ताकि पुराने शिक्षकों को राहत मिल सके।
READ MORE: MP में दिवाली से पहले लागू होगा UCC! राज्य स्तरीय कमेटी होगी गठित, बीजेपी-कांग्रेस में वार-पलटवार शुरू
प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सुनवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। साथ ही 18 अप्रैल को प्रदेशव्यापी आंदोलन करने का ऐलान भी किया गया है।

