कुंदन कुमार/पटना। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने कोलकाता से पटना लौटने के तुरंत बाद बिहार सरकार और केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार किया है। पटना एयरपोर्ट पर मीडिया से मुखातिब होते हुए तेजस्वी यादव ने रोशन आनंद के भाई की दुखद घटना को लेकर एक उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
रोशन आनंद मामला: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जांच की जरूरत
तेजस्वी यादव ने रोशन आनंद के भाई की मौत के मामले को बेहद संवेदनशील बताते हुए कहा कि यह घटना केवल एक राज्य का मामला नहीं है, बल्कि इसके तार अंतरराष्ट्रीय स्तर से जुड़े हो सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि इस मामले की गंभीरता को देखते हुए बिहार सरकार, भारत सरकार और नेपाल सरकार को मिलकर एक साझा उच्च स्तरीय जांच कमेटी गठित करनी चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह स्पष्ट होना चाहिए कि यह हत्या है या महज एक हादसा, और इसकी निष्पक्ष जांच ही न्याय का इकलौता रास्ता है।
राज्य सरकार की भूमिका पर संदेह
बिहार सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए तेजस्वी ने कहा कि इस पूरे प्रकरण में सरकार का रवैया बेहद संदिग्ध है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सच छिपाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा राज्य सरकार की भूमिका पूरी तरह संदिग्ध है इसलिए मामले की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए हाई-लेवल इंक्वायरी बेहद जरूरी है।
बिहार की बदतर कानून-व्यवस्था और भ्रष्टाचार
बंगाल से जुड़े सवालों को दरकिनार करते हुए तेजस्वी यादव ने अपना पूरा ध्यान बिहार की गिरती कानून-व्यवस्था पर केंद्रित किया। उन्होंने दरभंगा में एक शोरूम के अंदर मैनेजर की सरेआम हत्या का जिक्र करते हुए कहा कि बिहार में अपराध बेलगाम हो चुके हैं। उन्होंने कहा राज्य में हत्या, लूट और डकैती की घटनाएं दिन-प्रतिदिन बढ़ रही हैं।
आखिर प्रशासन क्या कर रहा है?
तेजस्वी ने आगे कहा कि बिहार का खजाना खाली हो चुका है और राज्य सरकार केवल दिखावे की राजनीति कर रही है। उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य और सिंचाई व्यवस्था को पूरी तरह से ‘फ्लॉप’ करार दिया। उन्होंने कहा कि आज बिहार का नौजवान नौकरी के लिए दर-दर भटक रहा है, लेकिन सरकार का इस पर कोई ध्यान नहीं है।
ईवीएम विवाद पर टिप्पणी
बंगाल में ईवीएम जलने की घटना पर भी तेजस्वी ने अपनी राय रखी। उन्होंने इसे गंभीर बताते हुए मांग की कि इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए कि ईवीएम खुद जले हैं या उन्हें जानबूझकर जलाया गया है, ताकि लोकतंत्र की विश्वसनीयता बनी रहे। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका पूरा ध्यान फिलहाल बिहार की जनता के मुद्दों पर है, जो इस वक्त भारी संकट से गुजर रही है।

