लखनऊ. उत्तर प्रदेश विधान परिषद के मानसून सत्र के समापन पर उप मुख्यमंत्री एवं सदन के नेता केशव प्रसाद मौर्य ने परिषद की कार्यवाही को संसदीय लोकतंत्र का सकारात्मक उदाहरण बताया. उन्होंने कहा कि जहां विधानसभा का सत्र हंगामे के कारण चर्चा में रहा, वहीं विधान परिषद में सौहार्दपूर्ण माहौल में वित्तीय वर्ष 2026-27 का अनुपूरक बजट पारित हुआ, जो लोकतांत्रिक परंपराओं और सकारात्मक कार्यशैली का परिचायक है.

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सत्र समाप्त होने पर केशव मौर्य ने विधान परिषद के सभापति कुंवर मानवेन्द्र सिंह की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने निष्पक्ष और गरिमापूर्ण ढंग से सदन का संचालन किया और पक्ष और विपक्ष दोनों को अपनी बात रखने का पूरा अवसर दिया. उप मुख्यमंत्री ने कहा कि विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं और सदस्यों ने संसदीय मर्यादा का पालन करते हुए चर्चा में भाग लिया. उन्होंने अपना दल (एस), निषाद पार्टी, जनसत्ता दल लोकतांत्रिक, सुभासपा, राष्ट्रीय लोकदल, निर्दलीय और शिक्षक दल सहित सभी दलों के सदस्यों का आभार जताया.

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केशव मौर्य ने कहा कि 5 अगस्त भारत के इतिहास का महत्वपूर्ण दिन है. उन्होंने कहा कि इसी दिन वर्ष 2019 में जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 और 35-ए हटाने का ऐतिहासिक फैसला लिया गया था, जिससे प्रदेश विकास और राष्ट्रीय एकता की मुख्यधारा से जुड़ा. उन्होंने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को बधाई दी. उन्होंने यह भी कहा कि 5 अगस्त 2020 को अयोध्या में भगवान श्रीराम मंदिर के भूमि पूजन और शिलान्यास का ऐतिहासिक कार्यक्रम हुआ था, जिसने करोड़ों रामभक्तों की वर्षों पुरानी आस्था को साकार किया.