रुद्रप्रयाग. उत्तराखंड में मौसम की मार ने चारधाम यात्रा पर ब्रेक लगा दिया है. लगातार बारिश और भूस्खलन के चलते यात्रा प्रभावित हुई है. बीते दो दिनों से यात्रा पर रोक लगी हुई है. इसी कड़ी में गुरुवार को भी लगातार तीसरे दिन चारधाम यात्रा शुरू नहीं हो सकी. केदारनाथ धाम में इसका खासा असर देखने को मिला. गौरीकुंड-केदारनाथ पैदल यात्रा मार्ग गौरीकुंड के पास और छोड़ी क्षेत्र में भारी भूस्खलन और बोल्डर गिरने के कारण बंद पड़ा है.
इसके अलावा सोनप्रयाग-गौरीकुंड मोटर मार्ग पर मुंकटिया के पास लगातार पहाड़ी से बड़े-बड़े बोल्डर गिरने से आवाजाही बाधित हो रही है. छोड़ी क्षेत्र में भी लगातार पत्थर गिरने से मार्ग बाधित हो गया है.
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बता दें कि मौसम विभाग ने दो दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी वर्षा, गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली और वर्षा के अत्यंत तीव्र दौर की संभावना व्यक्त की थी. 29 जुलाई को देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल, चम्पावत एवं ऊधमसिंह नगर जनपदों में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी वर्षा होने की आशंका जताई गई थी. इसी प्रकार 30 जुलाई को बागेश्वर, चम्पावत एवं पिथौरागढ़ जनपदों में भारी से बहुत भारी वर्षा का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है.
वहीं उत्तरकाशी, देहरादून, पौड़ी, टिहरी एवं नैनीताल में भारी वर्षा की आशंका है. उत्तराखण्ड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने सभी जनपदों के जिला प्रशासन को पूरी सतर्कता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए हैं. इन सबके चलते यात्रा बीते दो दिन से बंद थी. हालांकि गुरुवार को बद्री-केदार मंदिर समिति की बैठक में यात्रा फिर से शुरु करने पर चर्चा होनी थी. लेकिन फिलहाल इस पर कोई जानकारी खबर लिखे जाने तक सामने नहीं आई है.


