भुवनेश्वर: ओडिशा में भ्रष्टाचार के खिलाफ विजिलेंस ने एक और बड़ी कार्रवाई की है. आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में कंधमाल जिले के बालीगुड़ा आईटीडीए (ITDA) के सहायक कार्यकारी अभियंता बैकुंठनाथ बेहेरा के खिलाफ विजिलेंस की टीमों ने एक साथ 9 स्थानों पर छापेमारी की है.

भुवनेश्वर के स्पेशल जज द्वारा जारी सर्च वारंट के आधार पर यह ताबड़तोड़ कार्रवाई की जा रही है. इस हाई-प्रोफाइल ऑपरेशन में विजिलेंस के 2 एडिशनल एसपी, 5 डीएसपी, 6 इंस्पेक्टर और अन्य पुलिस कर्मी शामिल हैं.
शुरुआती जांच और छापेमारी के दौरान केवल भुवनेश्वर शहर में ही बैकुंठनाथ बेहेरा के कई आलीशान और कीमती बहुमंजिला मकानों का पता चला है, जिन्हें देखकर अधिकारी भी हैरान हैं.
भुवनेश्वर में तलाशी लिए जा रहे प्रमुख ठिकानों में शामिल हैं:
- चंद्रशेखरपुर के नीलाद्रि विहार में स्थित एक 4-मंजिला इमारत.
- शैलश्री विहार के कैलाश विहार में स्थित एक 3-मंजिला इमारत.
- पटिया के कानन विहार फेज-1 (HIG-146) में स्थित एक दो-मंजिला मकान.
- चंद्रशेखरपुर (HIG-196) में स्थित एक और दो-मंजिला मकान.
राजधानी भुवनेश्वर के अलावा विजिलेंस की टीमें राज्य के तीन अन्य जिलों में भी बेहेरा और उनके करीबियों के ठिकानों को खंगाल रही हैं:
- जाजपुर: धर्मशाला कॉलेज के पास पंडुआ में पैतृक जमीन पर बना एक दो-मंजिला मकान और वहां मौजूद एक रिश्तेदार का घर.
- मयूरभंज: बारीपदा शहर के देउलसाही में स्थित एक अन्य रिश्तेदार का घर.
- कंधमाल: बालीगुड़ा आईटीडीए (ITDA) कार्यालय में उनका सरकारी चैंबर और कार्यालय के पास स्थित सरकारी आवास.
विजिलेंस अधिकारियों के मुताबिक, भुवनेश्वर, बारीपदा, जाजपुर के धर्मशाला और कंधमाल के बालीगुड़ा में यह छापेमारी अभी भी जारी है. बेहेरा के बैंक खातों, लॉकरों, सोने के गहनों और जमीनी दस्तावेजों की बारीकी से जांच की जा रही है. वर्तमान में संपत्ति का पूरा मूल्यांकन नहीं हो पाया है, सर्च ऑपरेशन खत्म होने के बाद ही कुल काली कमाई का सटीक आंकड़ा सामने आ पाएगा.

