संजय पाटीदार, भोपाल। राजधानी भोपाल में गंदे पानी और कम प्रेशर की लगातार मिल रही शिकायतों के बीच नगर निगम अब डैमेज कंट्रोल मोड में नजर आ रहा है। मंगलवार को महापौर मालती राय खुद विधानसभा के सामने स्थित फिल्टर प्लांट पहुंचीं और पानी शुद्धिकरण प्रक्रिया का निरीक्षण किया। लैब टेस्ट में पानी पास होने के बाद एमआईसी मेंबर और निगम अफसरों ने मौके पर ही पानी पीकर यह साबित करने की कोशिश की कि सप्लाई किया जा रहा पानी सुरक्षित है।
महापौर मालती राय ने दावा किया कि बड़े तालाब से आने वाला पानी वैज्ञानिक तरीके से शुद्ध किया जाता है और जिन इलाकों में यह पानी पहुंच रहा है वहां लोगों को आरओ लगाने की जरूरत नहीं है। हालांकि शहर के कई हिस्सों से लगातार इससे उल्ट गंदे पानी, कम प्रेशर और सप्लाई बाधित होने की शिकायतें सामने आ रही हैं।
भोपाल में कोलार डैम, केरवा डैम, बड़ा तालाब और नर्मदा परियोजना से पानी सप्लाई होता है। शहर की बड़ी आबादी आज भी पानी की गुणवत्ता और नियमित सप्लाई को लेकर परेशान है, जबकि निगम अब लैब टेस्ट और ऑन कैमरा पानी पीकर भरोसा दिलाने की कोशिश कर रहा है।

