पटना। बिहार सरकार ने राज्य की सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने और पुलिस बल के आधुनिकीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। गृह विभाग ने सम्राट चौधरी कैबिनेट के महत्वपूर्ण फैसलों को लागू करते हुए कुल 20,937 पदों को भरने का आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। यह निर्णय न केवल युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खोलेगा, बल्कि विभाग में कार्यरत कर्मियों के लिए पदोन्नति के अवसर भी प्रदान करेगा।
50-50 फॉर्मूला: सीधी बहाली और पदोन्नति
गृह विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के स्पष्ट किया गया है कि कुल 20,937 पदों को दो श्रेणियों में विभाजित किया गया है। इनमें से 10,468 पदों पर सीधी भर्ती की जाएगी, जिसके लिए प्रतियोगी परीक्षाओं का आयोजन होगा। वहीं, शेष 10,469 पद विभागीय प्रोन्नति के माध्यम से भरे जाएंगे। यह फैसला पुलिस अवर निरीक्षक एवं समकक्ष पदों के लिए लिया गया है, जिसमें 50 प्रतिशत कोटा पदोन्नति के लिए आरक्षित रखने की मंजूरी दी गई है।

ERSS परियोजना और नए पदों का सृजन
बिहार में बढ़ती जनसंख्या के अनुपात में पुलिस बल की संख्या बढ़ाने के लिए सरकार ने पूर्व में ही ERSS (Emergency Response Support System) के द्वितीय चरण के तहत 19,288 पदों का सृजन किया था। नए प्रस्ताव के तहत अब कुल 48,447 नए पदों की रूपरेखा तैयार की गई है, जिनमें सिपाही से लेकर निरीक्षक स्तर तक के पद शामिल हैं।
प्रमुख पदों का विवरण इस प्रकार है:
- पुलिस अवर निरीक्षक एवं समकक्ष: 20,937 पद
- सिपाही एवं समकक्ष: 22,010 पद
- चालक सिपाही: 5,500 पद
- हवलदार एवं अन्य: विभिन्न श्रेणियां
पुलिस बल का आधुनिकीकरण और विस्तार
मुख्यमंत्री की दूसरी कैबिनेट मीटिंग में इस नियुक्ति योजना को हरी झंडी मिलने के बाद अब गृह विभाग ने महालेखाकार और वित्त विभाग को इसका प्रस्ताव भेज दिया है। सरकार का मुख्य उद्देश्य पुलिस बल की कार्यक्षमता को बढ़ाना और आपातकालीन स्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना है। विशेष रूप से पुलिस अवर निरीक्षक के पदों पर प्रमोशन की सुविधा मिलने से निचले स्तर पर कार्यरत पुलिसकर्मियों का मनोबल बढ़ेगा और लंबे समय से रुकी हुई पदोन्नति प्रक्रिया में गति आएगी।
युवाओं और पुलिसकर्मियों में खुशी की लहर
बिहार पुलिस में होने वाली यह बहाली राज्य की अब तक की सबसे बड़ी भर्ती प्रक्रियाओं में से एक मानी जा रही है। जहाँ एक ओर सिपाही और दरोगा बनने का सपना देख रहे अभ्यर्थियों के लिए यह सुनहरा मौका है, वहीं दूसरी ओर विभाग के पुराने कर्मियों को समय पर पदोन्नति मिलने से पुलिसिंग व्यवस्था में सुधार होने की उम्मीद है।

