भिलाईनगर। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल), भिलाई स्टील प्लांट द्वारा गवर्नमेंट डिपार्टमेंट्स तथा विभिन्न आउटसाइड एजेंसियों को आवंटित भूमि की लीज के रिन्यूअल के लिए सेल बोर्ड द्वारा अनुमोदित पॉलिसी गाइडलाइंस, 2026 के अंतर्गत पब्लिक सर्कुलर 3 अगस्त 2026 को जारी किया गया है।

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यह पॉलिसी 15 मई 2026 से प्रभावी है तथा उन सभी मौजूदा लीज मामलों पर लागू होगी जिनकी लीज 15 मई 2026 से पूर्व समाप्त हो चुकी है अथवा उसके बाद रिन्यूअल हेतु देय है। इस पॉलिसी का उद्देश्य भूमि लीज के रिन्यूअल हेतु एक पारदर्शी, एकरूप एवं समयबद्ध व्यवस्था सुनिश्चित करना है।

पॉलिसी का एक महत्वपूर्ण प्रावधान पात्र पट्टाधारी / लीजी के लिए वन टाइम अमनेस्टी उपलब्ध कराना है। पब्लिक सर्कुलर जारी होने की तिथि से एक वर्ष के भीतर रिन्यू किये गए प्रकरणों में किसी प्रकार का पीनल इंट्रेस्ट देय नहीं होगा। इस अवधि में केवल रिन्यूअल चार्जेस पर देय तिथि से भुगतान की तिथि तक एस.बी.आई. कैश क्रेडिट रेट के अनुसार साधारण ब्याज देय होगा। एक वर्ष की अवधि के पश्चात रिन्यू किये गए प्रकरणों में बकाया रिन्यूअल चार्जेस पर 12 प्रतिशत प्रतिवर्ष की दर से साधारण पीनल इंटरेस्ट देय होगा ।

नई पॉलिसी में ऑथराइज्ड वैल्यूअर द्वारा भूमि का वैल्यूएशन, पट्टाधारी/ लीजी का श्रेणीकरण, संशोधित रिन्यूअल चार्जेस, सिक्योरिटी डिपॉजिट, एनुअल ग्राउंड रेंट तथा एनुअल सर्विस चार्जेस का भी प्रावधान किया गया है, जिससे रिन्यूअल प्रक्रिया अधिक पारदर्शी एवं एकरूप बनेगी।

भिलाई स्टील प्लांट ने सभी पात्र पट्टाधारियों / लीजी से अपील की है कि वे निर्धारित दस्तावेजों सहित अपने रिन्यूअल एप्लीकेशन समय-सीमा के भीतर टाउन सविर्सेज डिपार्टमेंट में प्रस्तुत करें, ताकि वन टाइम अमनेस्टी का लाभ प्राप्त किया जा सके तथा पीनल चार्जेस से बचा जा सके। अधिक जानकारी के लिए टाउन सविर्सेज डिपार्टमेंट, भिलाई स्टील प्लांट से संपर्क किया जा सकता है।

होंडा शोरुम का कर्मचारी निकला लूट का मास्टरमाइंड

भिलाईनगर। पोटिया रोड स्थित एक शोरूम के सामने कार का शीशा तोड़कर 4.90 लाख रुपये चोरी करने की सनसनीखेज वारदात का दुर्ग पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस जांच में मुख्य आरोपी भुवनेश्वर डहरिया निकला, जो होंडा शोरूम में कर्मचारी है। पुलिस के अनुसार उसने अपने साथियों के साथ मिलकर पहले पीड़ित की गतिविधियों की रेकी की और फिर सुनियोजित तरीके से चोरी की वारदात को अंजाम दिया।

ग्रामीण एएसपी मणिशंकर चन्द्रा ने बताया कि घटना 28 जुलाई की है। मुक्त नगर निवासी प्रमोद महेश्वरी अपनी मारुति स्विफ्ट कार में 4.90 लाख रुपये काले रंग के बैग में रखकर पोटिया रोड स्थित शोरूम पहुंचे थे। कार खड़ी कर वे दूसरे काम से चले गए। इसी दौरान बदमाशों ने कार का अगला शीशा पत्थर से तोड़कर नकदी से भरा बैग चोरी कर लिया। वारदात के बाद एसीसीयू और पुलगांव थाना पुलिस की संयुक्त टीम गठित की गई। पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के करीब पांच किलोमीटर क्षेत्र में लगे सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। तकनीकी विश्लेषण, मुखबिरों की सूचना और संदिग्धों की गतिविधियों के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई।

पूछताछ में सामने आया कि मुख्य आरोपी को उसकी सहकर्मी सपना राजपूत के माध्यम से पीड़ित की गतिविधियों की जानकारी मिलती थी। आरोपियों ने पहले से यह पता कर लिया था कि पीड़ित अक्सर बड़ी रकम लेकर आता है और कार बाहर खड़ी करता है। इसी जानकारी के आधार पर चोरी की योजना बनाई गई।

मामले में पुलिस ने आरोपी भुवनेश्वर डहरिया (23 वर्ष) कुंद्रापारा दुर्ग, संजय साहू (22 वर्ष) कुंद्रापारा दुर्ग, जितेंद्र कुमार साहू (28 वर्ष) रूआबांधा, सपना राजपूत (20 वर्ष) कोलियाहापुरी दुर्ग व संतोष जोशी (48वर्ष) कुंद्रापारा दुर्ग को गिरफ्तार कर आरोपियों की निशानदेही पर चोरी की रकम में से 1.57 लाख रुपये नकद बरामद किए। इसके अलावा वारदात में इस्तेमाल दो पल्सर मोटरसाइकिल और एक एक्टिवा भी जब्त की गई है।

सुपेला थोक सब्जी मंडी के लिए चंदूलाल बस स्टैंड के पास बनेगी पार्किंग

भिलाईनगर। सुपेला थोक सब्जी मंडी में भारी वाहनों की पार्किंग और लोडिंग-अनलोडिंग की समस्या के समाधान के लिए नगर निगम भिलाई ने वैकल्पिक व्यवस्था शुरू कर दी है। अब चंदूलाल चंद्राकर बस स्टैंड के बगल में स्थित रिक्त भूखंड पर 10 चक्का ट्रकों के लिए अस्थाई पार्किंग बनाई जाएगी।

नगर निगम आयुक्त सुरुचि सिंह ने मौके का निरीक्षण कर अधिकारियों को तत्काल काम शुरू करने के निर्देश दिए हैं। केरल, आंध्र प्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र व मध्य प्रदेश व लोकल बाड़ी से अथवा अन्य राज्यों से रोजाना सब्जी लेकर आने वाले 10 चक्का ट्रक सुपेला- आकाशगंगा थोक सब्जी मंडी पहुंचते हैं। पार्किंग की व्यवस्था न होने के कारण ये ट्रक नेशनल हाइवे और आकाशगंगा मार्केट की सड़कों पर ही खड़े होकर लोडिंग-अनलोडिंग करते थे। इससे आवागमन बाधित होने के साथ जाम की स्थिति बन रही थी। आयुक्त ने हाल ही में इसका निरीक्षण कर अधिकारियों को तत्काल वैकल्पिक पार्किंग व्यवस्था दुरुस्त करने को कहा था।

कहां बनेगी नई पार्किंग…

निगम मुख्यालय के बगल में स्थित चंदूलाल चंद्राकर बस स्टैंड के पास खाली पड़े भूखंड को पार्किंग के लिए चिन्हित किया गया है। हाल की बारिश के कारण यह जगह कीचड़ में तब्दील हो गई थी। इसे ठीक करने के लिए नगर निगम ने मिट्टी – मुरुम से लेबलिंग / फिलिंग का काम शुरू कर दिया है। काम पूरा होने के बाद अन्य प्रदेशों से आने वाले भारी ट्रक यहीं पार्क कर सकेंगे। आयुक्त सुरुचि सिंह ने निर्देश दिए हैं कि पार्किंग स्थल को जल्द से जल्द समतल कर ट्रकों के लिए उपयोगी बनाया जाए, ताकि सड़कों पर लगने वाले जाम और अव्यवस्था से निजात मिल सके।

11.50 करोड़ की ‘नालंदा लाइब्रेरी’ पर लगा ब्रेक

भिलाईनगर। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए नगर निगम भिलाई क्षेत्र में बनने वाली 11 करोड़ 50 लाख 25 हजार रुपए की सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन ‘नालंदा परिसर’ का काम अब तक शुरू नहीं हो सका है। 5 मई को वर्क आर्डर जारी होने के बाद भी दो माह बीत जाने पर निर्माण शुरू न होने पर निगम ने एजेंसी को 6 बार नोटिस जारी किए हैं।

छत्तीसगढ़ शासन द्वारा प्रदेश में 34 नए सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन बनाए जा रहे हैं। इनमें से एक भिलाई के प्रियदर्शिनी परिसर (पश्चिम) में बनेगी। प्रारंभिक प्रक्रिया अभी तक नहीं हुई- नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग, नवा रायपुर से प्रशासकीय स्वीकृति मिल चुकी है और शासन से कार्य के लिए पहली किस्त भी प्राप्त हो चुकी है। सॉइल टेस्ट सहित अन्य प्रारंभिक प्रक्रिया अभी तक नहीं हुई है।

क्या होंगी सुविधाएं- ‘नालंदा परिसर’ को अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा। बायोमेट्रिक प्रवेश के साथ अधिकृत सदस्यों को एंट्री, निशुल्क वाई-फाई, प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकें, पत्रिकाएं और ई-संसाधन, प्रशिक्षण कक्ष, कॉन्फ्रेंस हॉल और कैफेटेरिया होगा ।

देरी पर निगम सख्त कार्य शुरू न होने पर नगर निगम भिलाई ने एजेंसी को अब तक 6 नोटिस भेजे हैं। मामले की जानकारी नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग, चीफ इंजीनियर, नगरी प्रशासन विभाग को भी भेज दी गई है। आयुक्त नगर निगम भिलाई सुरुचि सिंह ने बताया कि सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन के निर्माण के लिए एजेंसी को वर्क ऑर्डर जारी किया जा चुका है। अब तक कार्य शुरू नहीं होने के कारण निगम ने एजेंसी को 6 नोटिस जारी किया है।

कांग्रेस नेत्री रीता सिंह, उसके पति-पुत्र की पुलिस कर रही तलाश

भिलाईनगर। उतई थाना अंतर्गत लगभग 4 करोड़ 50 लाख रुपए की जमीन के सौदे में कथित धोखाधड़ी के मामले में कांग्रेस नेत्री और भिलाई नगर निगम की एमआईसी सदस्य रीता सिंह, उनके पति रमेश चंद्र सिंह और बेटे मानवचंद सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई पाटन स्थित न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी (जेएमएफसी) की अदालत के आदेश पर उतई थाना पुलिस ने की है।

उतई पुलिस ने बताया कि रायपुर निवासी बीपी सिंह की शिकायत की है। उन्होंने कोर्ट में निजी परिवाद दायर किया था। सुनवाई के बाद अदालत ने धोखाधड़ी का मामला बनता हुआ मानते हुए तीनों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। साथ उतई पुलिस को 15 दिनों के भीतर एफआईआर और अब तक की गई कार्रवाई की

रिपोर्ट अदालत में पेश करने का आदेश दिया है। शिकायतकर्ता के अनुसार वर्ष 2024 में छांटा स्थित गिट्टी खदान और उससे लगी 25 एकड़ जमीन का सौदा 4 करोड़ 50 लाख रुपए में तय हुआ था। इस सौदे में एक चैन मशीन और दो हाइवा वाहन भी शामिल थे। कुल 25 एकड़ में से 13 एकड़ जमीन आरोपियों के नाम थी।

वहीं 7 एकड़ दान की जमीन और 5 एकड़ सरकारी लीज की जमीन को भी सौदे का हिस्सा बताया गया था। शिकायतकर्ता का आरोप है कि उन्होंने सौदे के लिए कुल 4 करोड़ 39 लाख रुपए चेक के माध्यम से दिए। इसमें 2 करोड़ 90 लाख रुपए मानवचंद सिंह के खाते में, 1 करोड़ रुपए रीता सिंह के खाते में और शेष राशि रमेश चंद्र सिंह के खाते में जमा कराई गई।

आरोप है कि पूरी रकम देने के बावजूद केवल 7 एकड़ जमीन की रजिस्ट्री कराई गई। बाकी जमीन का न तो नामांतरण कराया गया और न ही सौदे की अन्य शर्तें पूरी की गईं। उनके मुताबिक, जिन लोगों ने जमीन बेचने का दावा किया, वे वास्तविक जमीन मालिक नहीं थे। आरोप है कि रीता सिंह, रमेश चंद्र सिंह और मानवचंद सिंह ने मिलकर फर्जी इकरारनामा और अन्य दस्तावेज तैयार किए। इसमें असली जमीन मालिकों की जगह दूसरे लोगों के हस्ताक्षर कराए गए और गलत जानकारी के आधार पर करोड़ों रुपए का सौदा किया गया।

31 स्कूलों में प्राचार्य के पद रिक्त, स्कूल के संचालन पर पड़ रहा विपरीत असर

दुर्ग। दुर्ग जिले के 31 स्कूलों में प्राचार्य के पद रिक्त हो गए हैं। इनमें 9 स्वामी आत्मानंद स्कूल है। शेष 22 स्कूल सामान्य है। पूर्णकालिक प्राचार्य नहीं होने से स्कूल संचालन में विपरीत असर पड़ता है।

दरअसल, पिछले वर्ष नवंबर दिसंबर माह में बड़ी संख्या में व्याख्याता / मिडिल स्कूल दिया हेडमास्टर को प्राचार्य के पद पर प्रमोशन गया था। इनमें से कई प्राचार्य सेवानिवृत हो गए। इस वजह से पद रिक्त हो गए। वैसे गिने चुने प्राचार्यों ने सत्रांत तक सेवा में बने रहने की सहमति दी है, मगर शासन से आदेश अब तक प्राप्त नहीं हुआ है। इस वजह से इन स्कूलों में सीनियर व्याख्याता ही प्रभारी प्राचार्य के रूप में दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं।

वैसे भी सेवानिवृत्ति के बाद जो सत्रांत तक सेवा देने सहमति प्रदान नहीं किए हैं, उनकी स्कूल से विदाई सेवानिवृत्ति के दिन से ही हो जाती है। स्कूल संचालन को लेकर मिले अधिकार स्वमेय समाप्त हो जाते हैं। वरिष्ठ व्याख्याता को प्राचार्य पद पर प्रमोशन देने की प्रक्रिया एक बार फिर प्रबल हो रही है। बड़ी संख्या में प्राचार्यों के पद रिक्त करने से यह स्थिति निर्मित हो रही है। ये पद वरिष्ठता सूची के आधार पर वेटिंग लिस्ट से पूर्णकालिक प्राचार्य के रूप में भरा जाना चाहिए।

जिला शिक्षा कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार जिन 31 स्कूलों में प्राचार्य के पद रिक्त हैं, उनमें शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला ननकट्टी, करंजा भिलाई, बघेरा, कुथरेल, ढौर, तरीघाट, तेलगुंडरा, औधी, देवबलोदा, सुरडुंग व माटरा, शासकीय हाई स्कूल निपानी, पौहा, आगेसरा, फेकारी, अचानकपुर, परसदा, सेमरी, सोमनी, बिरझापुर, मुरमुंदा व बिरेझर शामिल हैं। वहीं स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी / हिंदी माध्यम विद्यालयों में सेजेस बोरी, तितुरडीह, बोरसी, दीपक नगर, बालाजी नगर, देवादा, मर्रा तथा पतोरा शामिल है।

मेडिकल कॉलेज के जूनियर डॉक्टर आज से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर

राजनांदगांव। मेडिकल कालेज पेंड्री में सोमवार को इंटर्न डाक्टरों ने अपनी मांगों का पत्र एडीएम को सौंपा। ज्ञापन सौंपने के बाद सभी इंटर्न डाक्टर अपनी काम पर लौट गए, लेकिन उन्होने मंगलवार से मेडिकल कालेज के सामने पूरी तरह से स्वास्थ्य सेवाओं का बहिष्कार कर प्रदर्शन की चेतावनी दी है। हालांकि, इस दौरान इमरजेंसी सुविधा जारी रहेगी।

शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय राजनांदगांव के एमबीबीएस इंटर्न्स ने आज अपनी लंबे समय से लंबित स्टाइपेंड वृद्धि की मांग को लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर अपर कलेक्टर एवं प्रभारी कलेक्टर सीएल मार्कंडेय को ज्ञापन सौंपा। उन्होने इस मांग को तत्काल छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल एवं स्वास्थ्य सचिव अमित कटारिया तक पहुंचाकर शीघ्र निर्णय सुनिश्चित कराए जाने की मांग की है। ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में इंटर्न्स उपस्थित रहे। इंटर्न्स डॉ. आयुष कुमार ने बताया कि, इस अवसर पर आईएमए व एमएसएन एवं जूनियर डाक्टर के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे और उन्होंने आंदोलन को नैतिक समर्थन प्रदान किया।

छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष शाहदिल खुसरू ने कहा कि, इंटर्न्स की स्टाइपेंड वृद्धि की मांग पूरी तरह न्यायोचित एवं लंबे समय से लंबित है। उन्होंने बताया कि, इस विषय पर स्वास्थ्य मंत्री से पांच से अधिक बार चर्चा एवं प्रतिनिधित्व किया जा चुका है। उन्होंने राज्य सरकार से पुनः आग्रह किया कि मांग पर तत्काल सकारात्मक निर्णय लिया जाए, जिससे आंदोलन समाप्त हो और प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाएं बिना किसी व्यवधान के संचालित होती रहे।

ओपीडी का मंगलवार को भी बहिष्कार

इंटर्न्स ने 4 अगस्त से पूरी तरह से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर रहेंगे। हड़ताल के प्रथम चरण में ओपीडी सेवाओं का बहिष्कार किया जाएगा, जबकि आम जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए आपातकालीन सेवाएं जारी रखी जाएंगी। हालांकि इंटर्न्स ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया तो आगामी चरण में आपातकालीन सेवाओं को भी बंद करने पर विचार किया जाएगा।

3 साल से लगा रहे गुहार

शाहदिल खुसरू ने कहा कि पिछले तीन वर्षो से छत्तीसगढ़ में इंटर्स के स्टाइपेंड में कोई वृद्धि नहीं हुई है, जबकि वे प्रतिदिन लगभग 12 घंटे तक लगातार मरीजों की को देखते हुए वर्तमान स्टाइपेंड अपर्याप्त सेवा करते हैं। बढ़ती महंगाई और कार्यभार है। उनका स्पष्ट कहना है कि जब तक स्टाइपेंड में सम्मानजनक वृद्धि का आदेश जारी नहीं होता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

मोटर साइकिल चोर गिरोह का पर्दाफाश, 3 आरोपी दुर्ग से गिरफ्तार

राजनांदगांव। पुलिस ने मोटर साइकिल चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दुर्ग से तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आज उन्हें न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है।

मोहारा पुलिस चौकी से मिली जानकारी के अनुसार आरोपियों के नाम अरुण साहू पिता स्व. श्यामलाल साहू उम्र 40 वर्ष, निवासी ग्राम जेवरासिरसा वर्तमान पता कुम्हारी जिला दुर्ग, विक्रम चंद्रवंशी पिता स्व. मनोज कुमार चंद्रवंशी उम्र 38 वर्ष निवासी ग्राम ढौर, थाना जामुल तथा जागेश्वर साहू, पिता स्व. महेत्तर साहू, उम्र 30 वर्ष, निवासी ग्राम उरला भाठापारा, थाना भिलाई – 3. जिला दुर्ग बताए जाते हैं।

प्रकरण में प्रार्थी समारू पिता फुलसिंह, निवासी ग्राम भैसातरा, थाना ठेलकाडीह, जिला के.सी. जी. द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि उनकी हीरो सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 08 एवाई 5435 ग्राम बिनापुर स्थित उनके समधी के घर से रात्रि के समय अज्ञात चोर द्वारा चोरी कर ली गई थी। रिपोर्ट पर धारा 331, 305 बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई।

वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मार्गदर्शन में तकनीकी सहायता एवं मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर संयुक्त टीम ने ग्राम ढारा बस स्टैंड के पास घेराबंदी कर तीन संदिग्ध साहू, विक्रम चंद्रवंशी एवं जागेश्वर साहू को हिरासत में लिया अरुण गया।

पूछताछ में आरोपियों ने चोरी की घटना स्वीकार की। आरोपी अरुण साहू की निशानदेही पर चोरी गई मोटरसाइकिल हीरो सुपर स्प्लेंडर वाहन क्रमांक सीजी 08 एवाई 5435 बरामद की गई। साथ ही डोंगरगांव थाना क्षेत्र के – ग्राम करमरी से चोरी की गई एक मोटर साइकिल क्रमांक सीजी 08 एएफ 0852 भी आरोपियों से जप्त की गई है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर तीनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर जेल भेजा गया है ।

13 साल से फरार स्थायी वारंटी राजनांदगांव से हुआ गिरफ्तार

खैरागढ़। जिले में फरार आरोपियों और स्थायी वारंटियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत खैरागढ़ पुलिस ने 13 वर्षों से फरार चल रहे एक स्थायी वारंटी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपी को राजनांदगांव से पकड़कर न्यायालय में पेश किया गया जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।

पुलिस के अनुसार, वर्ष 2012 में दर्ज धोखाधड़ी के एक मामले में आरोपी रोहन तिवारी, पिता शिव तिवारी, निवासी राजनांदगांव के विरुद्ध अपराध धारा 420 भारतीय दंड संहिता के तहत प्रकरण दर्ज किया गया था। न्यायालय से जमानत मिलने के बाद वह वर्ष 2013 से लगातार फरार था। निर्धारित तिथियों पर न्यायालय में उपस्थित नहीं होने के कारण उसके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किया गया था।

विशेष अभियान के दौरान पुलिस को राजनांदगांव में होने की सूचना मुखबिर से आरोपी मिली। इसके बाद पुलिस टीम ने दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया जहां लिया। आवश्यक काननी प्रक्रिया न्यायालय के आदेश पर उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।

पुलिस ने बताया कि जिले में फरार आरोपियों और स्थायी वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा। साथ ही नागरिकों से अपील की गई है कि किसी भी वांछित या फरार व्यक्ति की जानकारी मिलने पर तत्काल नजदीकी थाना या पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दें ताकि समय पर वैधानिक कार्रवाई की जा सके।

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