हरियाणा सरकार ने एक लाख रुपये से अधिक के बिजली बिल डिफॉल्टरों के खिलाफ भूमि राजस्व अधिनियम के तहत कुर्की की कार्रवाई शुरू की है। साथ ही आंधी-तूफान के मौसम में शिकायत दर्ज कराने के लिए एक नया मिस्ड कॉल नंबर भी जारी किया गया है।
कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। हरियाणा में बड़े बिजली बिल बकायादारों की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं। सरकार ने लाखों रुपये का बिल दबाकर बैठे उपभोक्ताओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई का मन बना लिया है। अब सिर्फ नोटिस नहीं, बल्कि जरूरत पड़ने पर संपत्ति कुर्क करने तक की नौबत आ सकती है। मंत्री के सख्त निर्देशों के बाद बिजली निगम पूरी तरह एक्शन मोड में दिखाई दे रहा है।
हरियाणा के केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल और प्रदेश के ऊर्जा मंत्री अनिल विज के निर्देशों के बाद बिजली निगम ने एक लाख रुपये से अधिक बकाया बिजली बिल वाले उपभोक्ताओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग अब ऐसे डिफॉल्टरों से बकाया राशि की वसूली भूमि राजस्व अधिनियम के तहत करेगा। जानकारी के अनुसार, भुगतान नहीं होने पर संबंधित उपभोक्ताओं की संपत्ति भी कुर्क की जा सकती है।
बिजली निगम के अधीक्षक अभियंता ने बताया कि सभी बड़े डिफॉल्टरों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। कई ऐसे मामले सामने आए हैं जहां उपभोक्ताओं के कनेक्शन पहले ही कट चुके हैं या संपत्ति बेची जा चुकी है। ऐसे मामलों में नया बिजली कनेक्शन तभी जारी होगा, जब पुराना बकाया जमा कराया जाएगा। नोटिस के बाद कई उपभोक्ताओं ने बकाया राशि जमा करनी भी शुरू कर दी है।
वहीं गर्मी और आंधी-तूफान के मौसम को देखते हुए बिजली शिकायतों के लिए विशेष सुविधा भी शुरू की गई है। यदि 1912 हेल्पलाइन व्यस्त मिले तो उपभोक्ता अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से 9990231912 पर मिस्ड कॉल देकर भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं, जिसे सामान्य शिकायत की तरह ही मान्य किया जाएगा।

