जींद और सोनीपत के बीच भारत की पहली हाइड्रोजन संचालित ट्रेन सेवा का नियमित परिचालन रविवार से सफलतापूर्वक शुरू हो गया है। यात्रा करने वाले यात्रियों ने ट्रेन की आधुनिक सुविधाओं, झटकारहित सफर और धुएं से मुक्ति की सराहना की।
जींद। देश की पहली पर्यावरण-अनुकूल हाइड्रोजन ट्रेन का नियमित परिचालन रविवार से हरियाणा के जींद, गोहाना और सोनीपत मार्ग पर विधिवत प्रारंभ हो गया। अपनी पहली नियमित यात्रा पर यह ट्रेन प्रातः जींद जंक्शन से प्रस्थान कर 8:52 बजे गोहाना स्टेशन पहुंची, जो अपने निर्धारित समय से मात्र चार मिनट विलंबित थी। अल्प ठहराव के पश्चात ट्रेन आगे बढ़ी और सुबह 9:41 बजे सोनीपत स्टेशन पहुंची।
लगभग 2,600 यात्रियों की वहन क्षमता वाली इस अत्याधुनिक ट्रेन में पहले दिन जींद से सोनीपत के बीच बच्चों सहित करीब 84 लोगों ने सफर का आनंद उठाया। रविवार का अवकाश होने से हालांकि सवारियों की संख्या सीमित रही, परंतु परिचालन के प्रथम दिवस सफर करने वाले लोगों में इस नई हरित प्रौद्योगिकी को लेकर भारी उत्सुकता देखी गई।
आधुनिक सुविधाएं और शांत सफर
यात्रा करने वाले नागरिकों ने ट्रेन की बेहतरीन निर्माण तकनीक, शोर-रहित संचालन और स्वचालित दरवाजों की विशेष तारीफ की। डीजल इंजनों के विपरीत इस गाड़ी से बिल्कुल धुआं नहीं निकलता, बल्कि सिर्फ जलवाष्प उत्सर्जित होती है। इसके अलावा डिब्बों में लगे सेंटर बफर कपलर के उन्नत सिस्टम के कारण ट्रेन के चलने अथवा रुकने के दौरान झटके न के बराबर महसूस हुए।
स्थानीय लोकल ट्रेनों के पारंपरिक शौचालयों से अलग, इस कम दूरी की हाइड्रोजन ट्रेन में वातानुकूलित कोच जैसी वेस्टर्न स्टाइल की सीटें प्रदान की गई हैं। डिब्बों के भीतर मोबाइल चार्जिंग पॉइंट, सामान रखने का पर्याप्त स्थान तथा सफाई की मुकम्मल व्यवस्था की गई है। वापसी दिशा में यह ट्रेन सोनीपत से सुबह 10:40 बजे रवाना होकर 11:38 बजे गोहाना पहुंची, जिसमें 78 यात्री सवार थे।
यात्रियों के अनुभव
जींद निवासी सतपाल ढांढा और सफीदों के कृष्ण यादव ने बताया कि बिना किसी शोर और झटके के ट्रेन ने बेहतरीन गति पकड़ी, जिससे उनका सफर बेहद सुगम रहा। वरिष्ठ नागरिक वीरेंद्र गोयल, महासिंह और संतोष ने कहा कि बुजुर्गों के लिए यह गाड़ी बेहद आरामदायक है क्योंकि इसमें कंपन नहीं होता।
35 वर्षों से रेल यात्रा कर रहे राजपाल अपने पोते-पोतियों (वंशिका, वैदिक, सीनू, सानवी और स्नाया) को इस नई ट्रेन की यात्रा कराने लाए थे। वहीं सोनीपत में पढ़ाई करने वाली प्रियंका व मुन्ना तथा परिवार संग आई महिला यात्रियों ने सोशल मीडिया पर वीडियो देखने के बाद वास्तविक अनुभव को अपेक्षा से कहीं बेहतर करार दिया।


