लखनऊ. लखनऊ से कानपुर के बीच सफर आसान बनाने के लिए तैयार किया गया लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे उद्घाटन के कुछ समय बाद ही सवालों के घेरे में आ गया है. एक्सप्रेसवे के कानपुर से लखनऊ आने वाले रूट पर करीब 15 जगहों पर सड़क खराब होने की जानकारी सामने आई है. कई स्थानों पर डामर उखड़ गया है, तो कहीं सड़क धंसने की शिकायत मिली है.
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29वें किलोमीटर से ही दिखने लगी सड़क की खराब हालत
जांच के दौरान एक्सप्रेसवे पर कई जगह सड़क की गुणवत्ता में कमी नजर आई. किलोमीटर 29 पर सड़क धंसी हुई मिली, जहां डामर और बजरी अलग-अलग दिखाई दे रहे थे. इसके अलावा किलोमीटर 32.4 और 63.9 पर भी सड़क खराब मिली. कई जगहों पर डामर उखड़ने के बाद बैरिकेड लगाकर मरम्मत का काम कराया जा रहा है. जानकारी के मुताबिक, खराब हुई 15 जगहों में से 7 स्थानों पर सड़क को पूरी तरह उखाड़कर दोबारा बनाया जा रहा है, जबकि 8 जगहों पर पैचिंग का काम किया जा रहा है.
सड़क में पानी घुसने से आई समस्या
NHAI अधिकारियों के मुताबिक, एक्सप्रेसवे की सड़क खराब होने की मुख्य वजह सड़क के अंदर पानी पहुंचना और लेवलिंग की समस्या सामने आई है. जांच के लिए आईआईटी की टीम ने भी अपनी रिपोर्ट में इन्हीं कारणों की ओर इशारा किया है. बारिश के बाद एक्सप्रेसवे के शोल्डर भी कई जगह कमजोर हो गए हैं. इन्हें मजबूत करने के लिए बाहर से मिट्टी मंगाकर दोबारा तैयार किया जा रहा है.
एक लेन पर चल रहा ट्रैफिक, दूसरी पर मरम्मत
कानपुर से लखनऊ आने वाले मार्ग पर कई जगह एक तरफ की सड़क पर मरम्मत चल रही है, जबकि दूसरी लेन से वाहनों का आवागमन जारी है. किलोमीटर 64, 67.2 और 68.6 समेत कई स्थानों पर सड़क सुधार का काम किया जा रहा है. कुछ जगहों पर सड़क के नीचे जमा पानी निकालने के लिए ड्रिलिंग भी की जा रही है. उन्नाव अंडरपास के पास कर्मचारियों ने बताया कि सड़क के अंदर पानी पहुंचने की आशंका के चलते पानी निकासी की व्यवस्था बनाई जा रही है.
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NHAI अधिकारी कर रहे निगरानी
सड़क खराब होने के बाद NHAI ने मरम्मत कार्य की निगरानी बढ़ा दी है. कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर काम की गुणवत्ता जांच रहे हैं. अधिकारियों का कहना है कि एक्सप्रेसवे को जल्द ही पूरी तरह दुरुस्त कर दिया जाएगा और भविष्य में ऐसी समस्या दोबारा न आए, इसके लिए ड्रेनेज सिस्टम को बेहतर बनाया जा रहा है.


