शब्बीर अहमद, भोपाल। मध्य प्रदेश में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के बीच बढ़ते टकराव के मामलों को लेकर केंद्र सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। केंद्र सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DOPT) ने राज्य के मुख्य सचिव अनुराग जैन को पत्र लिखकर जनप्रतिनिधियों के पक्ष को मजबूती से रखा है।
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DOPT के डिप्टी सेक्रेटरी जीके रजनीश द्वारा लिखे गए इस पत्र में स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि अधिकारियों को सांसदों और विधायकों के साथ व्यवहार, प्रोटोकॉल और जिम्मेदारियों का पालन सुनिश्चित कराया जाए। पत्र में यह भी कहा गया है कि जनप्रतिनिधियों के पत्रों का समय पर जवाब देना अनिवार्य है और जवाब देते समय भाषा शालीन व विनम्र होनी चाहिए।
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केंद्र ने इस तरह की शिकायतों के बार-बार सामने आने पर चिंता जताते हुए इसे सही संकेत नहीं बताया है। साथ ही सभी राज्यों के मुख्य सचिवों को इस संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं, ताकि प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के बीच समन्वय बेहतर हो सके।



