राकेश चतुर्वेदी, भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए बजट पेश कर दिया हैं। वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने विधानसभा में 4 लाख 38 हजार 317 करोड़ रुपये का बजट पेश किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्रजा के सुख में राजा का सुख है। प्रजा के हित में राजा का हित है। महिला, युवा, किसान और गरीबों के लिए बजट है। कृषि वर्ष होने से बजट किसानों को समर्पित रहेगा। प्रदेश में 28 प्रतिशत युवा हैं। युवाओं के लिहाज से भी बजट है। बजट में तीन साल की प्लानिंग की झलक है।
एमपी विधानसभा बजट सत्र के तीसरे दिन वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने बजट पेश किया। सदन में उन्होंने बताया कि गरीबी को आय से नहीं स्वास्थ्य, स्वच्छता से भी आंका गया है। ऋण प्रबंधन और अर्थ प्रबंधन में पारदर्शिता है। 2047 के दृष्टिपत्र को लेकर बजट में प्रावधान है। संवैधानिक प्रावधान का पालन करने वाला और जिलों के प्राथमिकता वाला बजट है।
सच्चा वादा पक्का काम लक्ष्य
उन्होंने कहा कि किसानों के सुविधा के लिए किसान मोबाइल ऐप का उपयोग किया जा रहा है। किसानों को उर्वरक की होम डिलेवरी 3 जिलो में शुरू कर दी गई है। प्रदेश सरकार सहकारिता पोर्टल के माध्यम से ट्रांसप्रेंसी और डिजिटल करने का काम कर रही है। सच्चा वादा पक्का काम हमारा लक्ष्य है। गौशालाओं के लिए अनुदान दिए जा रहे हैं। देवी अहिल्याबाई विकास कार्य प्रारंभ किया जा चुके हैं। महानगरों की विकास कार्य के लिए काम किया जा रहा है।

स्वर्णिम युग की तरफ मध्य प्रदेश
मध्य प्रदेश में शासकीय सेवकों की भर्ती की जा रही है। समय सीमा के अंदर सकारात्मक काम किया जाएगा। किसान कल्याण के स्वर्णिम युग की तरफ मध्य प्रदेश अग्रसर है। जगदीश देवड़ा ने कहा कि हमारी घोषणाएं सरकारी घोषणाएं नहीं बल्कि हकीकत में बदलने का संकल्प है। धरतीपुत्र के स्वाभिमान के लिए मध्य प्रदेश सरकार काम कर रही है। पहुंच के माध्यम से उद्यानिकी गतिविधियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। प्रदेश में लगभग 28 लाख 42000 हेक्टर क्षेत्र में उद्यानिकी फसलों की पैदावार हो रही है वर्तमान में फलों का उत्पादन 100 लाख मैट्रिक टन है।
2 साल में 33 लाख करोड़ का मिला निवेश
वहीं डिप्टी सीएम ने बताया कि 2 साल में 33 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव आए हैं। 8 लाख करोड़ के काम शुरू हो चुके हैं। श्रम विभाग के लिए 1 हजार 335 करोड़ का प्रावधान प्रस्तावित है। प्रधानमंत्री जन धन योजना के अंतर्गत अब तक 4 करोड़ 61 लाख खाते खोले जा चुके हैं। प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में 3 करोड़ 64 लाख पंजीयन है। प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना में 1 करोड़ 54 लाख पंजीयन और अटल पेंशन योजना में 46 लाख पंजीयन हैं।
किसानों को लिए खोला सौगातों का पिटारा
डॉ मोहन यादव की सरकार 3000 करोड़ से किसानों को 1 लाख सोलर पंप उपलब्ध कराएगी। मत्स्य उत्पादन के लिए 412 करोड़ का प्रावधान किया गया है। 21630 करोड़ की मुख्यमंत्री मजरा-टोला सड़क योजना मंजूर की जा चुकी है। श्रम विभाग के लिए 1 हजार 335 करोड़ का प्रावधान प्रस्तावित है।
सांस्कृतिक पौधरोपण योजना शुरू होगी। जी राम जी योजना के लिए 10 हजार 440 करोड़ का प्रावधान है। वन पर्यावरण क्षेत्र के लिए 6 हजार 151 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। पर्यावरण के लिए 151 करोड़, पीएम आवास के लिए 6 हजार 850 करोड़ का प्रावधान हैं। 8वीं क्लास तक के बच्चों को टेट्रा पैक में दूध मिलेगा।
बजट की बड़ी बातें
- लाडली बहना योजना के 23 हजार 882 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
- सिंचाई परियोजनाओं के लिए 14 हजार 742 करोड़।
- श्रम विभाग के लिए 1 हजार 335 करोड़ का प्रावधान रखा गया है।
- किसानों को 3000 करोड़ से 1 लाख सोलर पंप उपलब्ध कराने का लक्ष्य है।
- मुख्यमंत्री मजरा-टोला सड़क योजना के लिए 21630 करोड़ की मंजूरी दी गई है।
- मत्स्य उत्पादन के लिए 412 करोड़ का प्रावधान किया गया है।
- प्रधानमंत्री जन धन योजना के अंतर्गत अब तक 4 करोड़ 61 लाख खाते खोले जा चुके हैं।
- जनजातीय क्षेत्रों के 11,277 गांवों के विकास के लिए 793 करोड़ रुपए का बजट प्रावधान है।
- प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना में 1 करोड़ 54 लाख पंजीयन
- प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में 3 करोड़ 64 लाख पंजीयन
- अटल पेंशन योजना में 46 लाख पंजीयन हैं।
- प्रदेश के स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 23 हजार 747 करोड़ का प्रवधान किया है।
- नगरीय विकास के लिए 21 हजार 561 करोड़, अभी 13 हजार के काम चल रहे हैं।
- भोपाल और इंदौर को 972 इलेक्ट्रिक बस मिलेंगी।
- बुंदेलखंड के सागर में 1500 एकड़ जमीन पर इंडस्ट्रियल पैकेज की घोषणा।
ये भी किया ऐलन
- 12 हजार करोड़ रुपये सड़क-पुलिया के लिए।
- नारी कल्याण के लिए एक लाख 27 हजार 555 करोड़ रुपये।
- जनजातीय क्षेत्रों के 11,277 गांवों के विकास के लिए 793 करोड़ रुपए का बजट प्रावधान किया गया है।
- खेल एवं युवा कल्याण के लिए 815 करोड़।
- सांस्कृतिक पौधरोपण योजना शुरू होगी।
- जी राम जी योजना के लिए 10 हजार 440 करोड़ का प्रावधान
- वन पर्यावरण क्षेत्र के लिए 6 हजार 151 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
- पीएम आवास के लिए 6 हजार 850 करोड़ का प्रावधान है।

