हाल ही में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के आंध्र प्रदेश दौरे के दौरान सामने आए एक वीडियो को लेकर कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने तीखा हमला बोला है। विपक्ष का आरोप है कि सावन के पवित्र महीने में मांसाहारी भोजन किया गया है, जबकि भाजपा ने इसे पूरी तरह से खारिज करते हुए शुद्ध शाकाहारी पारंपरिक व्यंजन बताया है। राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन 18 अगस्त को आंध्र प्रदेश दौरे पर थे।

कांग्रेस और राजद का तीखा हमला
छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने अपने सोशल मीडिया हैंडल से एक पोस्ट साझा कर तंज कसा कि संस्कारी पार्टी के अध्यक्ष सावन के महीने में मांसाहारी भोजन ले रहे हैं, जिससे उनका आचरण सामने आ गया है। वहीं, राजद प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि एक तरफ भाजपा नेताओं द्वारा पहले अन्य नेताओं के खानपान पर सवाल उठाए जाते रहे हैं, वहीं अब उनके अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष के वीडियो में इस तरह का भोजन दिखाई देना दोहरे मानदंडों को उजागर करता है। राजद ने इसे धार्मिक भावनाओं और परंपराओं के विपरीत बताया है।

भाजपा और स्थानीय नेताओं की सफाई
विपक्ष के इन सभी आरोपों पर भाजपा ने कड़ा पलटवार किया है। छत्तीसगढ़ भाजपा और पार्टी के अन्य नेताओं ने स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया पर जिसे नॉन-वेज समझा जा रहा है, वह असल में आंध्र प्रदेश की एक पारंपरिक और शुद्ध शाकाहारी डिश है। इसे केले के पत्ते पर परोसा गया था, जो कि ‘पनासा मुक्कालु करी’ (कच्चे कटहल की मसालेदार सब्जी) है। आंध्र प्रदेश के स्थानीय नेताओं ने भी स्पष्ट किया कि परोसा गया पूरा भोजन सौ फीसदी शाकाहारी था और इस पर फैलाए जा रहे दावे पूरी तरह भ्रामक हैं।

