पटना। शहर के विश्वेश्वरैया भवन स्थित बिहार राज्य योजना परिषद के कार्यालय में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब दो उच्चाधिकारी आपस में बुरी तरह उलझ गए। कार्यालय में अनुशासन की धज्जियां उड़ाते हुए दोनों अधिकारियों के बीच गाली-गलौज और मारपीट की धमकी का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

​मामूली बात पर बढ़ा विवाद

​यह विवाद सेक्शन ऑफिसर रवि रंजन कुमार और अवर सचिव राजीव श्रीवास्तव के बीच शुरू हुआ। सूत्रों के अनुसार, विवाद की जड़ एक पत्र था। अवर सचिव राजीव श्रीवास्तव ने ट्रेनिंग से संबंधित एक पत्र रिकॉर्ड में दर्ज करने के लिए रवि रंजन को सौंपा था, लेकिन रवि रंजन ने उसे लेने से इनकार कर दिया। देखते ही देखते यह प्रशासनिक कार्य का मामला व्यक्तिगत तनातनी में बदल गया और दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई।

​’ऑफिस से नीचे फेंकने’ की धमकी

​इस घटना ने तब गंभीर मोड़ ले लिया जब अवर सचिव ने आरोप लगाया कि सेक्शन ऑफिसर रवि रंजन ने न केवल अभद्र भाषा का प्रयोग किया, बल्कि उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। राजीव श्रीवास्तव ने संयुक्त सचिव को लिखी अपनी औपचारिक शिकायत में उल्लेख किया कि रवि रंजन ने उन्हें ऑफिस से नीचे फेंक देने की धमकी दी है। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि रवि रंजन का कार्यालय में अक्सर ऐसा ही व्यवहार रहता है, जिससे अनुशासनहीनता बढ़ रही है और वे अब खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।

​समझौता या दबाव?

​इस पूरे मामले ने सरकारी दफ्तरों में सुशासन के दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, अवर सचिव राजीव श्रीवास्तव ने एक चौंकाने वाला बयान दिया। उन्होंने कहा, यह हमारे ऑफिस का आंतरिक मामला है और हमने आपस में समझौता कर लिया है।
​यह घटना प्रशासनिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई है। वीडियो में दिख रहा हंगामा स्पष्ट करता है कि सरकारी कार्यालयों में काम के माहौल को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। शिकायत के बाद विभाग क्या कार्रवाई करता है, यह देखना बाकी है।