Rajasthan News: राजस्थान में न्यायिक प्रक्रिया को तेज करने की दिशा में बड़ा कदम उठाने की तैयारी है। जनवरी 2026 से प्रदेश में इवनिंग कोर्ट की व्यवस्था शुरू होने जा रही है। इसके तहत नियमित समय के बाद शाम को भी अदालतों में मामलों की सुनवाई होगी। राजस्थान हाईकोर्ट प्रशासन ने इसका प्रस्ताव तैयार कर लिया है।

शुरुआती तौर पर यह व्यवस्था जयपुर और जोधपुर में लागू की जाएगी। यहां जनवरी से ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट स्तर की एक-एक अदालत शाम के समय संचालित होगी। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजीव प्रकाश शर्मा ने बताया कि अगर यह प्रयोग सफल रहता है, तो इसे पूरे प्रदेश की अदालतों में लागू किया जाएगा।
इवनिंग कोर्ट में खासतौर पर एनआई एक्ट यानी चेक बाउंस जैसे मामलों की सुनवाई की जाएगी, ताकि लंबे समय से लंबित मामलों की संख्या कम की जा सके। अभी अदालतों का नियमित समय शाम साढ़े चार बजे तक रहता है, जबकि इवनिंग कोर्ट शाम पांच बजे से साढ़े सात बजे तक चलेगी।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश ने साफ कहा कि इस पहल की सफलता अधिवक्ताओं के सहयोग पर निर्भर करेगी। पक्षकारों की मांग पर मामलों को इवनिंग कोर्ट में सूचीबद्ध भी किया जाएगा।
इस नई व्यवस्था की तीन महीने बाद समीक्षा की जाएगी। इसमें यह देखा जाएगा कि कितने मामले सूचीबद्ध हुए, कितनों का निस्तारण हुआ और वकीलों व पक्षकारों की भागीदारी कितनी रही। समीक्षा के आधार पर आगे का फैसला लिया जाएगा।
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