रोहतक। सिविल अस्पताल में तैनात एक महिला डाटा एंट्री ऑपरेटर ने ड्यूटी शिफ्ट बदलने को लेकर हुए विवाद के बाद जहरीला पदार्थ निगल लिया। महिला की पहचान गांव छोछी निवासी रेखा के रूप में हुई है। गंभीर हालत में उसे प्राथमिक उपचार के बाद पीजीआई रोहतक रेफर किया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है।

घटनास्थल से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है, जिसमें रेखा ने सुपरवाइजर और नोडल इंचार्ज सहित कई कर्मचारियों पर मानसिक प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं। रेखा का कहना है कि वह घर से 35 किलोमीटर दूर से आती है और अकेले घर संभालती है, इसलिए वह नाइट ड्यूटी करने में असमर्थ है। आरोप है कि उच्च अधिकारियों को जानकारी देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई और उसे हाजिरी न लगाने की धमकी दी गई।

परिजनों का आरोप है कि सुपरवाइजर और नोडल अधिकारी उसे लगातार परेशान कर रहे थे, जिससे तंग आकर उसने यह आत्मघाती कदम उठाया। इस पूरे मामले में फिलहाल स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।