विकास कुमार/​सहरसा। जिले के पतरघट प्रखंड अंतर्गत विशनपुर पंचायत में गुरुवार की दोपहर प्रकृति का रौद्र रूप देखने को मिला। अचानक आई तेज आंधी और मूसलाधार बारिश के बीच आकाशीय बिजली (वज्रपात) गिरने से एक 50 वर्षीय किसान की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि चार अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस हृदयविदारक घटना से पूरे क्षेत्र में मातम छा गया है।

​क्या थी पूरी घटना?

​मृतक की पहचान कपसिया वार्ड संख्या 11 निवासी 50 वर्षीय रामप्रवेश यादव के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, रामप्रवेश यादव अन्य ग्रामीणों के साथ अपने खेत में कृषि कार्य में व्यस्त थे। दोपहर के समय अचानक मौसम का मिजाज बदल गया और तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए रामप्रवेश समेत अन्य चार लोग खेत के निकट स्थित एक आम के बगीचे में शरण लेने के लिए चले गए। इसी दौरान तेज गर्जना के साथ वज्रपात हुआ, जिसकी चपेट में आने से रामप्रवेश ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।

​चार लोग गंभीर रूप से घायल

​इस हादसे में दानी यादव, रंजीत झा, जटाशंकर रजक और मंजी कुमार गंभीर रूप से झुलस गए। घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने आनन-फानन में पुलिस को सूचना दी। पतरघट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) पहुंचाया। पीएचसी प्रभारी डॉ. बबीता कुमारी ने बताया कि घायलों का उपचार चल रहा है और उनकी स्थिति पर निरंतर नजर रखी जा रही है। वहीं, पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सहरसा सदर अस्पताल भेज दिया है।

​गांव में पसरा सन्नाटा

​घटना की खबर मिलते ही मृतक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। रामप्रवेश यादव की मृत्यु से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घटना के बाद से पूरे कपसिया गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। स्थानीय प्रशासन ने घटना की पुष्टि करते हुए उचित मुआवजे का आश्वासन दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि मौसम खराब होने पर पेड़ के नीचे शरण लेना घातक साबित हो सकता है, लेकिन ग्रामीण इलाकों में जागरूकता के अभाव में ऐसी घटनाएं अक्सर सामने आती रहती हैं। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।