कुंदन कुमार, पटना। बिहार की सत्ताधारी पार्टी जेडीयू ने अपने जनप्रतिनिधियों की सदन में कार्यप्रणाली को और अधिक मजबूत और प्रभावी बनाने के लिए एक बड़ी पहल की है। पार्टी कार्यालय स्थित कर्पूरी सभागार में आज सुबह 11 बजे से जेडीयू के सभी विधायकों और विधान पार्षदों (MLC) के लिए एक विशेष ओरिएंटेशन और प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया है।
नीतीश कुमार ने किया उद्घाटन
इस महत्वपूर्ण एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का भव्य उद्घाटन पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया। कार्यक्रम में पार्टी के कई वरिष्ठ और दिग्गज नेता भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इनमें केंद्रीय मंत्री ललन सिंह, जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा और प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा समेत पार्टी के तमाम विधायक और विधान पार्षद शामिल हुए।
सदन में प्रदर्शन सुधारने पर विशेष जोर
जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने इस विशेष पहल के पीछे का मुख्य उद्देश्य स्पष्ट करते हुए बताया कि इसका मकसद जनप्रतिनिधियों की संसदीय कार्यप्रणाली की समझ को और अधिक मजबूत करना है। पार्टी का मुख्य जोर सदन के अंदर विधायकों और एमएलसी के प्रदर्शन को पहले से ज्यादा बेहतर बनाना है, ताकि वे जनता की उम्मीदों पर पूरी तरह खरे उतर सकें।
पीआरएस (PRS) के विशेषज्ञ देंगे ट्रेनिंग
पार्टी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, इस पूरे प्रशिक्षण कार्यक्रम का संचालन प्रतिष्ठित संस्था PRS Legislative Research के विशेषज्ञों द्वारा किया जा रहा है। बाहर से आए संसदीय कार्यप्रणाली के इन विशेषज्ञों द्वारा जनप्रतिनिधियों को सदन की जटिल प्रक्रियाओं, सरकार से तीखे और सटीक सवाल पूछने के तौर-तरीकों तथा अपने-अपने क्षेत्र के महत्वपूर्ण मुद्दों को विधानसभा और विधान परिषद में पूरी प्रभावशीलता के साथ उठाने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। दिनभर चलने वाले इस सत्र से पार्टी के सभी नवनिर्वाचित और अनुभवी नेताओं को विधायी कार्यों की बारीकियों को समझने में काफी मदद मिलने की उम्मीद है।



