सोहराब आलम, मोतिहारी। पूर्वी चंपारण जिले के कुंडवा चैनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा बलों ने एक बार फिर नशे के सौदागरों के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। सीमा सुरक्षा बल (SSB) के जवानों ने मुस्तैदी दिखाते हुए भारी मात्रा में प्रतिबंधित नशीली गोलियों और गांजे के साथ दो संदिग्ध युवकों को धर दबोचा है। यह कार्रवाई भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा के बेहद करीब अंजाम दी गई है, जिससे सीमावर्ती इलाकों में अवैध तस्करी के नेटवर्क में हड़कंप मच गया है।
विशेष वाहन पेट्रोलिंग के दौरान धराए तस्कर
मिली जानकारी के अनुसार, 20वीं वाहिनी एसएसबी सीतामढ़ी के अंतर्गत आने वाली कुंडवा चैनपुर कंपनी के जवान नियमित और विशेष वाहन पेट्रोलिंग पर तैनात थे। इसी दौरान गश्त कर रहे जवानों की नजर हीरापुर गांव के पास संदिग्ध परिस्थितियों में घूम रहे दो युवकों पर पड़ी। जवानों ने जब दोनों की गतिविधियों को संदेहास्पद पाया, तो उन्हें रोककर पूछताछ शुरू की और उनकी तलाशी ली गई।
प्रतिबंधित दवाइयां और अन्य सामान बरामद
सघन तलाशी के दौरान तस्करों के पास से पुलिस और सुरक्षा बलों को आपत्तिजनक और प्रतिबंधित सामग्री हाथ लगी। बरामदगी का विवरण इस प्रकार है:
- नशीली गोलियां: प्रतिबंधित Nitrazepam Tablet I.P. (Nitzascen-10) की कुल 200 गोलियां।
- नशीला पदार्थ: लगभग 2 ग्राम गांजा।
- इलेक्ट्रॉनिक उपकरण: एक एंड्रॉइड मोबाइल फोन।
- वाहन: तस्करी में इस्तेमाल की जा रही दो मोटरसाइकिलें।
कूरियर के रूप में कर रहे थे काम, नेपाल ले जाने की थी फिराक में
सुरक्षा बलों द्वारा की गई शुरुआती पूछताछ में यह बात सामने आई है कि गिरफ्तार किए गए दोनों युवक भारत की सीमा से अवैध रूप से इन नशीले पदार्थों को लेकर नेपाल की ओर जाने की तैयारी में थे। सीमावर्ती सूत्रों के अनुसार, इन दोनों की भूमिका फिलहाल ड्रग्स सिंडिकेट में एक ‘कूरियर’ के रूप में सामने आई है, यानी वे मुख्य सरगना के इशारे पर माल को एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने का काम कर रहे थे।
आरोपियों की पहचान और आगे की कानूनी कार्रवाई
एसएसबी के अधिकारियों ने पकड़े गए दोनों युवकों की पहचान सार्वजनिक कर दी है। गिरफ्तार आरोपियों की शिनाख्त सद्दाम मंसूरी (उम्र 21 वर्ष) और अब्दुल बारीक (उम्र 25 वर्ष) के रूप में हुई है। सुरक्षा बलों ने दोनों आरोपियों और बरामद किए गए तमाम सामान (नशीली गोलियां, गांजा, मोबाइल और मोटरसाइकिल) को स्थानीय कुंडवा चैनपुर थाना पुलिस को आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए सौंप दिया है। पुलिस एनडीपीएस एक्ट और अन्य सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज कर यह पता लगाने में जुट गई है कि इस अवैध नेटवर्क के तार और कहां-कहां जुड़े हुए हैं।


