चंडीगढ़: हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन हुए घटनाक्रम का असर अब अगले कार्यदिवस की कार्यवाही पर भी दिखाई दे सकता है। कांग्रेस ने सरकार को घेरने के लिए अपनी रणनीति तैयार कर ली है। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने सोमवार सुबह 11 बजे कांग्रेस विधायक दल की बैठक बुलाई है। बैठक के बाद हुड्डा के नेतृत्व में कांग्रेस विधायक राज्यपाल को ज्ञापन सौंपेंगे।

कांग्रेस की रणनीति में विधानसभा के पहले दिन सदन के भीतर हुए घटनाक्रम के साथ-साथ बैंक स्कैम और हरियाणा कौशल रोजगार निगम (HKRN) से जुड़े मुद्दे प्रमुख रहेंगे। थानेसर से कांग्रेस विधायक एवं वरिष्ठ नेता अशोक अरोड़ा के मुताबिक, पार्टी बैंक स्कैम को लेकर सदन में काम रोको प्रस्ताव लाने की तैयारी में है।

पहले बैठक, फिर राज्यपाल को ज्ञापन

कांग्रेस विधायक दल की बैठक में पहले दिन सदन में हुए घटनाक्रम, विधायकों के साथ कथित व्यवहार और आगे की सदन की रणनीति पर चर्चा होगी। इसके बाद विधायक हुड्डा के नेतृत्व में राज्यपाल को ज्ञापन सौंपकर कांग्रेस अपना विरोध दर्ज कराएगी।

पार्टी का कहना है कि पहले दिन की घटनाओं को गंभीरता से लिया जा रहा है और कांग्रेस विधायक दल इस मुद्दे पर एकजुट है। कांग्रेस सदन के भीतर के साथ-साथ विधानसभा के बाहर भी इसे उठाने की तैयारी में है।

बैंक स्कैम पर काम रोको प्रस्ताव से बढ़ सकता है टकराव

सोमवार को विधानसभा की कार्यवाही शुरू होने के बाद सबसे बड़ा सवाल यही होगा कि कांग्रेस प्रश्नकाल और शून्यकाल को सामान्य रूप से चलने देती है या बैंक स्कैम पर तत्काल चर्चा की मांग करते हुए काम रोको प्रस्ताव पर अड़ती है।

यदि कांग्रेस ने काम रोको प्रस्ताव को लेकर आक्रामक रुख अपनाया तो कार्यवाही की शुरुआत में ही सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव की स्थिति बन सकती है। वहीं, सामान्य कार्यवाही चलने की स्थिति में कांग्रेस प्रश्नकाल और शून्यकाल के जरिए सरकार से अपने सवालों के जवाब मांग सकती है।

HKRN भी रहेगा विपक्ष के निशाने पर

बैंक स्कैम के अलावा हरियाणा कौशल रोजगार निगम से जुड़ा मुद्दा भी कांग्रेस की प्राथमिकता में है। इससे संकेत मिल रहे हैं कि विपक्ष रोजगार, भर्ती व्यवस्था और वित्तीय अनियमितताओं जैसे मुद्दों को आधार बनाकर सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश करेगा।

कांग्रेस विधायक अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़े मुद्दों को भी सदन में उठाने की तैयारी में हैं। ऐसे में सोमवार की कार्यवाही में कई मुद्दों पर सरकार और विपक्ष आमने-सामने आ सकते हैं।

सत्ता पक्ष भी जवाब देने को तैयार

कांग्रेस की रणनीति के बीच सत्ता पक्ष भी पूरी तरह सक्रिय है। विपक्ष के संभावित हमलों का जवाब देने के लिए सरकार की ओर से विभागीय तथ्यों और सरकार की उपलब्धियों को सामने रखने की तैयारी है।

संसदीय कार्य मंत्री महीपाल ढांडा, कृष्ण बेदी और विपुल गोयल समेत सत्ता पक्ष के वरिष्ठ नेता सदन में सरकार का पक्ष रखते नजर आ सकते हैं। जरूरत पड़ने पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी भी विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए सरकार की नीतियों और फैसलों का बचाव कर सकते हैं।

सोमवार को तय होगी सत्र की आगे की दिशा

मानसून सत्र के पहले दिन का घटनाक्रम पहले ही राजनीतिक बहस का मुद्दा बन चुका है। अब कांग्रेस विधायक दल की बैठक और उसके बाद राज्यपाल को ज्ञापन से विपक्ष अपने रुख को और स्पष्ट करेगा।

इसके बाद सदन में बैंक स्कैम पर काम रोको प्रस्ताव, HKRN और अन्य मुद्दों को लेकर कांग्रेस कितना आक्रामक रुख अपनाती है, इस पर सभी की नजर रहेगी। प्रश्नकाल चलेगा या विपक्ष तत्काल चर्चा की मांग पर सदन में टकराव का रास्ता अपनाएगा—सोमवार की कार्यवाही में इसका जवाब मिल सकता है।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m