प्रतापगढ़. 384 करोड़ से अधिक की विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास अब केवल दो ही मुद्दे बचे हैंजाति के नाम पर समाज को बांटना और आस्था पर प्रहार करना. जो कांग्रेस कभी भगवान राम और भगवान कृष्ण के अस्तित्व पर सवाल उठाती थी और जो समाजवादी पार्टी अयोध्या में बाबरी ढांचे के पक्ष में खड़ी रही और रामभक्तों पर गोली चलाने का आरोप झेलती रही, वही आज आस्था की बात कर रही है.
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आगे सीएम योगी ने कहा, ऐसे दलों को आस्था पर बोलने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है. पहले की सरकारों ने धार्मिक और हिंदू विरासत से जुड़े स्थलों के विकास की उपेक्षा की और विकास का धन कब्रिस्तानों की बाउंड्री वॉल पर खर्च किया. उन्होंने जनता से कहा कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी से इस दोहरे रवैये पर सवाल पूछा जाना चाहिए. जहां विपक्ष बाबरी ढांचे को देखना चाहता था, वहां आज जनता के पुरुषार्थ से भगवान राम का भव्य मंदिर खड़ा है. यही बात समाजवादी पार्टी को सबसे अधिक पीड़ा देती है.
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आगे सीएम योगी ने कहा, अब तो गिरगिट भी इन दलों से शर्माने लगा होगा, क्योंकि ये उससे भी तेजी से रंग बदलते हैं. उन्होंने कहा कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी का दोहरा चरित्र जनता के सामने पूरी तरह उजागर हो चुका है. कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी और अन्य विपक्षी दलों ने लंबे समय तक प्रदेश के युवाओं के सामने पहचान का संकट पैदा किया. अब जब चुनाव नजदीक आ रहे हैं तो ये दल फिर से जातीय राजनीति के जरिए समाज को बांटने की कोशिश कर रहे हैं. उत्तर प्रदेश की तेज़ विकास यात्रा और सांस्कृतिक विरासत का सम्मान विपक्ष को रास नहीं आ रहा है. उन्होंने लोगों से जातिवाद की राजनीति से ऊपर उठकर विकास और राष्ट्रहित को प्राथमिकता देने का आह्वान किया.

