राकेश चतुर्वेदी, भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में देशभर के लगभग 50 आईएएस और आईपीएस अफसरों ने एक ही दिन सामूहिक रूप से जमीन खरीदी है। इस बड़े निवेश का खुलासा मध्य प्रदेश के आईएएस अफसरों के अचल संपत्ति विवरण (IPR) की जांच में हुआ है। बताया जा रहा है कि कुछ ने खुद के नाम तो कुछ ने परिजन के नाम जमीन खरीदी है।
मिली जानकारी के मुताबिक, भोपाल के कोलार इलाके में 16 महीने बाद 3200 करोड़ रुपए का वेस्टर्न बायपास मंजूर किया गया। 26वें महीने में जमीन रिहायशी हुई। ‘like-minded officers’ का जमीन में इनवेस्टमेंट किया। एक दिन में भोपाल में एक जगह जमीन खरीदी गई। इसका खुलासा मध्य प्रदेश के आईएएस अफसरों के अचल संपत्ति विवरण की जांच में हुआ।
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4 अप्रैल 2022 को 2.023 हेक्टेयर भूमि की रजिस्ट्री हुई। रजिस्ट्री एक दस्तावेज में की गई। इसमें 50 लोगों ने संयुक्त रूप से खरीदी जमीन है। रजिस्ट्री में कीमत 5.5 करोड़ दर्ज बताई गई। जबकि बाजार मूल्य 7.78 करोड़ बताया गया है। मौजूदा अलाइनमेंट के अनुसार, बायपास इस जमीन से 500 मीटर दूर है। जून 2024 बायपास के 10 माह बाद लैंड यूज बदल गया। जिन्होंने जमीन खरीदी हैं, वे मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, तेलंगाना और हरियाणा कैडर के अफसर है। कई अधिकारी दिल्ली में पदस्थ हैं। यहां देखें सूची…
- साकेत मालवीय, IAS, 2014 बैच, मध्यप्रदेश कैडर
- शैलेश कुमार जाखोटिया, IAS, 2003 बैच
- जयति सिंह, IAS, 2016 बैच, मध्यप्रदेश कैडर
- रजनी सिंह, IAS, 2013 बैच, मध्यप्रदेश कैडर
- प्रवीण सिंह अडायच, IAS, 2012 बैच, मध्यप्रदेश कैडर
- यांगचे डोलकर भूटिया, IPS, 2013 बैच, मध्यप्रदेश कैडर
- मयंक अग्रवाल, IAS, 2013 बैच, मध्यप्रदेश कैडर
- रितु जैन, मध्यप्रदेश कैडर के रिटायर्ड IPS अधिकारी मुकेश जैन की पत्नी
- नेमा लाल राउतकर, भोपात्त के अधिवक्ता
- गीतिका तिवारी, पति अभिषेक तिवारी (IPS, 2013 बैच, मध्यप्रदेश कैडर) 2026 में स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ली
- ममता शर्मा, मंदसौर निवासी
- मानसवी शंकर, भोपाल निवासी
- फागूलाल बिसेन, बालाघाट के बैहर क्षेत्र के निवासी
- विनोद कुमार उपाध्याय, जबलपुर निवासी
- अनिमेष तिवारी, IRS, 2016 बैच, जबलपुर निवासी
- रेखा तिवारी, जबलपुर की निवासी हैं तथा ये अनिमेष तिवारी की मां
- वान्या चौहान, जबलपुर निवासी
- मानसी चौबे, जबलपुर निवासी
- रोहित गुप्ता, दतिया निवासी
- प्रियंका बागरी, सतना निवासी, एक निजी विश्वविद्यालय में प्रोफेसर हैं
- विकास सिंह बागरी (IRS), सतना निवासी
- सीताराम शरण गुप्ता, इंदौर निवासी
- गीतांजलि सोनी पति अनुराग सोनी विदिशा
- सुबोध विश्वकर्मा, भारतीय रेलवे में उच्च अधिकारी
- निशीथ मिश्रा, IPS, 2004 बैच, महाराष्ट्र कैडर
- चाहत बाजपेयी, IAS, 2019 बैच, तेलंगाना कैडर
- अंशु सिंगला, IPS, 2014 बैच, हरियाणा कैडर
- दीप कोयल, ओडिशा कैडर के IPS अधिकारी यातिंद्र कोयल के पुत्र
- सुहानी मिश्रा, वेस्टर्न रेलवे डिवीजन, असरवा, अहमदाबाद
- सुषमा गुप्ता, लखनऊ निवासी
- आकांक्षा तिवारी, पति आनंद शंकर भारतीय विदेश सेवा (IFS, 2017 बैच) के अधिकारी
- नीलांजना आलिया, मुंबई निवासी, पति IRS अधिकारी
- रश्मि श्रीवास्तव, लखनऊ निवासी
- नीलम सिंह, नई दिल्ली के मोती बाग क्षेत्र की निवासी
- चंद्रकांत अवस्थी, लखनऊ निवासी
- दीपक कपूर, दिल्ली निवासी
- अनूप कपूर, इलाहाबाद निवासी।
कांग्रेस ने बोला हमला
इस मामले में सियासत भी शुरू हो गई है। एमपी कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता प्रवीण धौलपुर ने कहा कि प्रदेश में जमीनों को लेकर बंदरबांट चल रही है। सत्ता के अहंकार में सरकार और सरकार के मंत्री ही अधिकारियों को उपकृत कर रहे हैं। यह सरकार के मंत्री सरकार की जनप्रतिनिधि और अधिकारियों की मिली भगत है। एमपी में अधिकारी भी बीजेपी की लाइन पर ही काम करते हैं। यह पूरा खेल ही काली कमाई का है। भ्रष्टाचार का पैसा है। उन्होंने इस मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है। कांग्रेस नेता प्रवीण ने कहा कि सीबीआई की जांच होनी चाहिए। निष्पक्ष जांच होगी तो दूध का दूध और पानी का पानी होगा। इसमें सीधे तौर पर सरकार के मंत्रियों के हाथ है, हाईवे के पास की जमीन खरीदी गई है।


