सैनिक फार्म इलाके से हनी ट्रैप, लूट और अपहरण का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। दिल्ली पुलिस ने इस मामले में सेना के एक जवान समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि गिरफ्तार जवान को वर्ष 2022 में देश के सर्वोच्च शांतिकालीन वीरता सम्मान अशोक चक्र से सम्मानित किया जा चुका है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने 72 वर्षीय एक चार्टर्ड अकाउंटेंट को पहले प्रेमजाल में फंसाया, फिर उनके घर में घुसकर मारपीट की, लूटपाट की और बाद में उनका अपहरण कर फिरौती मांगने की साजिश रची। बुजुर्ग को उनकी ही कार में अगवा कर हरियाणा तक ले जाया गया था फिर रास्ते में छोड़कर फरार हो गया।
सेना का जवान निकला मुख्य आरोपी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हरियाणा के फतेहाबाद निवासी सुरेंद्र (31), दिल्ली के कालकाजी की रहने वाली कल्पना कुमारी (40), तथा फतेहाबाद निवासी कुलदीप और सुशील के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, सुरेंद्र भारतीय सेना में जवान है और वर्तमान में उसकी पोस्टिंग मथुरा में थी। हालांकि, वह पिछले कुछ समय से ड्यूटी पर रिपोर्ट नहीं कर रहा था। सुरेंद्र को वर्ष 2022 में अशोक चक्र से सम्मानित किया गया था। वह 2021 में कुपवाड़ा में आतंकियों के खिलाफ ऑपरेशन के दौरान गोली लगने से घायल हुआ था।
पहले से थी जान-पहचान
जांच में पता चला है कि पीड़ित और कल्पना एक-दूसरे को पहले से जानते थे। पुलिस के अनुसार, 2 मई की शाम कल्पना बुजुर्ग के घर पहुंची। कुछ ही देर बाद उसके साथी भी घर में दाखिल हो गए और उन्होंने पीड़ित को बंधक बना लिया। आरोपियों ने कथित तौर पर बुजुर्ग के साथ मारपीट की, उन्हें टेप से बांध दिया और घर में रखी नकदी, गहने और अहम दस्तावेज लूट लिए।
लाखों की लूट, 50 लाख की फिरौती
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने अलमारी से करीब 5 लाख रुपये नकद, दराज में रखे 8 से 10 हजार रुपये, नकदी से भरा पर्स, सोने की तीन अंगूठियां, आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस और क्रेडिट कार्ड लूट लिए। इसके बाद आरोपी पीड़ित को जबरन उनकी कार में बैठाकर मेरठ की ओर ले गए। रास्ते में उन्होंने बुजुर्ग से 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी और उन्हें अपने परिचितों से 15 लाख रुपये मंगाने के लिए मजबूर किया।
जब पीड़ित रकम का इंतजाम नहीं कर सके, तो आरोपी उन्हें फिरोजपुर झिरका में दिल्ली-मुंबई हाईवे के पास छोड़कर फरार हो गए। किसी तरह पीड़ित पास के एक ढाबे तक पहुंचे और वहां से पुलिस को घटना की सूचना दी।
36 घंटे में पुलिस का बड़ा एक्शन
मामले की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली पुलिस की नेब सराय थाना टीम ने अपहरण, लूट, मारपीट और आपराधिक साजिश की धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय पूछताछ के आधार पर पुलिस ने महज 36 घंटे के भीतर कल्पना और सुरेंद्र को मथुरा से गिरफ्तार कर लिया। उनके पास से 4 लाख रुपये नकद और पीड़ित का पर्स बरामद हुआ। इसके बाद फतेहाबाद में छापेमारी कर दो अन्य आरोपियों को भी पकड़ लिया गया। पुलिस ने लूटी गई नकदी, गहने, दस्तावेज, पीड़ित की कार और वारदात में इस्तेमाल की गई एयरगन भी बरामद कर ली है।
इंस्टाग्राम से शुरू हुई कहानी
पूछताछ में पुलिस को पता चला कि कल्पना और सुरेंद्र दोनों पहले से तलाकशुदा थे। दोनों की पहचान Instagram के जरिए हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और नवंबर 2025 में उन्होंने मंदिर में शादी कर ली। फिलहाल पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आरोपी पहले भी इस तरह की वारदातों में शामिल रहे हैं या नहीं।
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m

