फरीदाबाद पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करने वाला मामला सामने आया है। सेक्टर-8 थाना परिसर के मालखाने से पुलिस की निगरानी में रखे गए 32 लाइसेंसी हथियार चोरी हो गए और हैरानी की बात यह रही कि करीब दो महीने तक पुलिस को इसकी कानोंकान खबर तक नहीं लगी। मामला तब सामने आया जब नियमित जांच के दौरान पहले 13 हथियार गायब मिले, लेकिन गहन जांच में चोरी का आंकड़ा बढ़कर 32 तक पहुंच गया।

हथियार गायब होने की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। पुलिस आयुक्त ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मालखाना इंचार्ज एएसआई राजेंद्र सिंह को तत्काल निलंबित कर दिया। इसके बाद क्राइम ब्रांच सेक्टर-30 को जांच सौंपी गई, जिसने पूरे मामले की परतें खोल दीं।

जांच में खुलासा हुआ कि आईटीआई के माध्यम से अप्रेंटिस पर आया एक युवक इस पूरी वारदात का मास्टरमाइंड निकला। आरोप है कि उसने मालखाने से एक-एक कर 32 लाइसेंसी हथियार चोरी किए और अपने परिचितों के जरिए उन्हें बेच दिया। लंबे समय तक किसी को शक भी नहीं हुआ, जिससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।

पुलिस प्रवक्ता यशपाल के अनुसार, क्राइम ब्रांच सेक्टर-30 की टीम ने कार्रवाई करते हुए 20 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और चोरी किए गए लगभग सभी हथियार बरामद कर लिए गए हैं। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि चोरी में और कौन-कौन लोग शामिल थे तथा सुरक्षा व्यवस्था में इतनी बड़ी चूक कैसे हुई।