सतीश सिंह, लखनऊ. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को गोरखपुर में जनता दर्शन के दौरान जमीन और रास्ते से जुड़े विवादों को लेकर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए. उन्होंने स्पष्ट कहा कि पीड़ित को रास्ता दिलाने में लापरवाही करने वाले लेखपाल, कानूनगो और तहसीलदार के खिलाफ कार्रवाई की जाए. जरूरत पड़ने पर ऐसे अधिकारियों को निलंबित भी किया जाए.

गोरखनाथ मंदिर में आयोजित जनता दर्शन में करीब 200 लोग अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे थे. मुख्यमंत्री ने एक-एक व्यक्ति के पास जाकर उनकी समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए.

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दबंगों ने महिला को रास्ता देने से किया इनकार

जनता दर्शन में एक महिला ने मुख्यमंत्री को बताया कि दबंग उसे घर आने-जाने के लिए रास्ता नहीं दे रहे हैं. महिला के मुताबिक, शिकायत करने पर दबंग उसे धमकी देते हैं कि जहां जाना है चली जाए, लेकिन रास्ता नहीं दिया जाएगा. महिला की शिकायत सुनकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नाराज हो गए. उन्होंने मौके पर मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देश दिया कि महिला को तत्काल रास्ता उपलब्ध कराया जाए. उन्होंने कहा कि जमीन और रास्ते से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

जमीन विवाद में लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई

जनता दर्शन में कई अन्य लोगों ने भी भूमि विवाद और राजस्व विभाग से संबंधित शिकायतें मुख्यमंत्री के सामने रखीं. मुख्यमंत्री ने संबंधित जिलाधिकारियों को मामलों की जांच कर जल्द कार्रवाई करने के निर्देश दिए. उन्होंने अधिकारियों से कहा कि राजस्व से जुड़े मामलों में पीड़ितों को अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाए. यदि जांच में किसी कर्मचारी या अधिकारी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए. जरूरत पड़ने पर निलंबन की कार्रवाई भी की जाए.

इलाज के लिए मदद मांगने वालों को मिला भरोसा

जनता दर्शन में कई लोग गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक सहायता की मांग लेकर भी पहुंचे. मुख्यमंत्री ने सभी जरूरतमंदों को भरोसा दिलाया कि पैसे की कमी किसी के इलाज में बाधा नहीं बनेगी. उन्होंने अधिकारियों को पात्र लोगों के आयुष्मान कार्ड बनवाने के निर्देश दिए. मुख्यमंत्री ने कहा कि आयुष्मान कार्ड से इलाज की सुविधा मिलने के बाद भी अगर किसी जरूरतमंद को अतिरिक्त आर्थिक सहायता की जरूरत होती है तो मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से मदद उपलब्ध कराई जाएगी.

सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के निर्देश

मुख्यमंत्री योगी ने अधिकारियों से कहा कि जरूरतमंद लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए. जनता की शिकायतों का समयबद्ध और प्रभावी तरीके से समाधान किया जाए. योगी आदित्यनाथ ने कहा कि शासन की प्राथमिकता आम लोगों की समस्याओं का समाधान करना और उन्हें न्याय दिलाना है. खासतौर पर जमीन, रास्ते और राजस्व से जुड़े मामलों में अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी.

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मुख्यमंत्री के इस सख्त रुख के बाद राजस्व विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों में जवाबदेही बढ़ने की उम्मीद है. सरकार का जोर है कि आम लोगों को अपनी जमीन या रास्ते से जुड़े विवादों के समाधान के लिए लंबे समय तक अधिकारियों के चक्कर न लगाने पड़ें.