राहुल गांधी शनिवार को प्रयागराज पहुंचे और छात्रों से संवाद करते हुए रोजगार, भर्ती और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दे उठाए। उन्होंने युवाओं को भारत की शक्ति और शान बताते हुए उनकी बात सुनी।

प्रयागराज। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी शनिवार को छात्रों से संवाद करने प्रयागराज पहुंचे। करीब डेढ़ बजे विशेष विमान से प्रयागराज पहुंचने पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय समेत पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने उनका स्वागत किया। इसके बाद राहुल गांधी अपने पैतृक निवास स्वराज भवन पहुंचे।

शाम करीब सात बजे राहुल गांधी मंच पर पहुंचे और हाथ हिलाकर लोगों का अभिवादन किया। इस दौरान मैदान में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।

रोजगार को लेकर निशाना

छात्रों से बातचीत के दौरान राहुल गांधी ने रोजगार के मुद्दे पर केंद्र सरकार और व्यवस्था पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी, अमित शाह और अडानी ने रोजगार खत्म किया है।

राहुल गांधी ने राजनीतिक व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि बीजेपी का बैंक बैलेंस पहले 150 करोड़ रुपये था, जो आज 10 हजार करोड़ रुपये हो गया है और राजनीतिक व्यवस्था संचालित की जा रही है।

उन्होंने कहा कि आरएसएस के लोगों को विभिन्न संस्थानों में पदों पर बैठाया गया है। उनके मुताबिक ब्यूरोक्रेसी, पैरामिलिट्री और विश्वविद्यालयों में भी आरएसएस के प्रचारक बैठाए गए हैं।

नवरत्न और एयरपोर्ट का मुद्दा

राहुल गांधी ने देश के सार्वजनिक उपक्रमों और एयरपोर्ट को लेकर भी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि देश के नवरत्नों को बेच दिया गया और एयरपोर्ट अडानी को दे दिया गया।

उन्होंने डेटा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का मुद्दा उठाते हुए कहा कि लोगों के डेटा का इस्तेमाल करके एआई के जरिए सभी दरवाजे बंद कर दिए गए हैं। राहुल गांधी ने कहा कि डेटा जनता का है, दर्द जनता का है, जबकि दौलत उनकी है।

बोले- रोजगार के दरवाजे बंद

राहुल गांधी ने कहा कि समस्या यह है कि छात्र पढ़ाई पर पैसा खर्च करते हैं, लेकिन इसके बाद रोजगार के रास्ते बंद पड़े हैं। उन्होंने मैन्यूफैक्चरिंग के क्षेत्र का उदाहरण देते हुए कहा कि दुनिया में मेड इन चाइना और मेड इन वियतनाम दिखाई देता है, लेकिन मेड इन इंडिया नहीं दिखता।

उन्होंने आरोप लगाया कि जीएसटी और नोटबंदी ने पूरे सिस्टम को बंद कर दिया।

छात्रों ने बताई समस्याएं

राहुल गांधी ने संवाद के दौरान प्रतियोगी छात्रों की बातें भी सुनीं। एक यूपीपीएससी प्रतियोगी छात्र ने सामान्यीकरण का मुद्दा उठाया।

अविनाश नाम के छात्र ने बताया कि उसने 2018 में शिक्षक भर्ती के लिए तैयारी शुरू की थी और अब तक उसी की तैयारी कर रहा है। उसने कहा कि पद खाली हैं, लेकिन वैकेंसी नहीं निकाली जा रही है। उसके मुताबिक सरकार चाहे तो भर्ती हो सकती है।

अविनाश ने कहा कि 2018 से अब तक धरना और ज्ञापन दिए गए, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। उसने यूपी ट्रिपल एससी की नौ से दस भर्तियां अब तक नहीं होने की बात भी रखी।

युवाओं को बताया भारत की शान

छात्रों को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि युवा भारत की शक्ति और भारत की शान हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब वह युवाओं को भारत की शक्ति कहते हैं तो उनका मतलब केवल सामने मौजूद भीड़ से नहीं, बल्कि देश के युवाओं से होता है।