Rajasthan News: राजस्थान के लालसोट में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) के तीन कर्मचारियों को 6,000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। पकड़े गए आरोपियों में सहायक प्रशासनिक अधिकारी समुन्द्र सिंह, चतुर्थ श्रेणी संविदाकर्मी विष्णु कुमार सैनी और कंप्यूटर ऑपरेटर हंसराज शामिल हैं।

एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस स्मिता श्रीवास्तव ने बताया कि एक शिकायतकर्ता ने दौसा चौकी को सूचना दी थी कि डी क्लास ठेकेदारी का लाइसेंस जारी करने के लिए PWD के अधिशासी अभियंता के नाम पर रिश्वत मांगी जा रही है। शिकायत के अनुसार, समुन्द्र सिंह ने 5,000 रुपये और हंसराज ने 2,500 रुपये की मांग की थी। इस सूचना के आधार पर जयपुर रेंज के उप महानिरीक्षक राजेश सिंह के निर्देशन और दौसा के उपाधीक्षक नवल किशोर मीणा के नेतृत्व में एसीबी ने कार्रवाई शुरू की।
गोपनीय सत्यापन के दौरान समुन्द्र सिंह को 1,500 रुपये की रिश्वत लेते पाया गया। इसके बाद शुक्रवार को एसीबी ने जाल बिछाकर समुन्द्र सिंह को 3,500 रुपये और हंसराज को 2,500 रुपये लेते हुए रंगे हाथों धर दबोचा। विष्णु कुमार सैनी ने भी रिश्वत की राशि अपने पास रखी थी। कुल 6,000 रुपये की रिश्वत बरामद की गई।
इस कार्रवाई में पुलिस निरीक्षक रमेशचंद सहित अन्य अधिकारी शामिल थे। एसीबी ने तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है, और आगे की जांच जारी है।
पढ़ें ये खबरें
- राहुल गांधी से शादी करेंगी कंगना रनौत! सोशल मीडिया पर कर रहा ट्रेंड्स, जानें बीजेपी सांसद ने क्या दी प्रतिक्रिया
- हरियाणा में गरजे CM नायब सैनी: कांग्रेस की ऐसी हालत करूंगा, 3 दिन तक मंजे से नहीं उठ पाएगी — निकाय चुनाव से पहले बड़ा वार
- रेखा शर्मा के बयान पर कोर्ट पहुंचे विधायक चंद्रमोहन: क्रिमिनल-सिविल केस दायर, बोले—पिता के खिलाफ कुछ नहीं सुनूंगा
- MP में बदला मौसम का मिजाज: आंधी-बारिश और ओलों से गर्मी में मिली राहत, 39 जिलों में अलर्ट
- दिल्ली मॉर्निंग ब्रीफ: आबकारी नीति मामला: CBI की याचिका पर सुनवाई टली, CM रेखा गुप्ता का ऐलान, फेज-V (बी) में बनेंगे 7 नए कॉरिडोर
