Rajasthan News: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 24 जनवरी को बहरोड़ के पूर्व विधायक बलजीत यादव के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। यह छापेमारी जयपुर, दौसा (राजस्थान) और रेवाड़ी (हरियाणा) में यादव से जुड़े नौ ठिकानों पर की गई। ED ने बताया कि तलाशी के दौरान 31 लाख रुपये नकद, कई आपत्तिजनक दस्तावेज और डिजिटल उपकरण जब्त किए गए। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत धनशोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के प्रावधानों के अंतर्गत की गई।

स्पोर्ट्स किट खरीद में गड़बड़ी का आरोप
ईडी की जांच एमएलए-एलएडी फंड घोटाले से जुड़ी है, जिसमें स्कूली बच्चों के लिए खेल उपकरणों की खरीद में भ्रष्टाचार का आरोप है। आरोप है कि बलजीत यादव ने विधायक कोष से खरीदी गई स्पोर्ट्स किट वास्तविक कीमत से कई गुना ज्यादा कीमत पर खरीदी। ये किट फर्जी कंपनियों के जरिए सप्लाई की गईं। खरीद प्रक्रिया में न तो टेंडर जारी किए गए और न ही पारदर्शिता बरती गई।
भ्रष्टाचार के खिलाफ मुहिम चलाने वाले खुद घिरे आरोपों में
बलजीत यादव ने भ्रष्टाचार के खिलाफ कई बार आवाज उठाई थी और यहां तक कि ऐलान किया था कि जो भी भ्रष्टाचार से जुड़े सबूत देगा, उसे 51 हजार रुपये का इनाम दिया जाएगा। लेकिन अब वे खुद भ्रष्टाचार के आरोपों में फंस गए हैं।
ACB की शिकायत और मामला दर्ज
इस मामले की शिकायत राजस्थान एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) में की गई थी। दिसंबर 2024 में बलजीत यादव समेत आठ अधिकारियों पर केस दर्ज किया गया। अब ईडी इस मामले को गहराई से खंगाल रही है।
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