देहरादून. प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखण्ड सरकार द्वारा संचालित “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान राज्य में सुशासन, पारदर्शिता और त्वरित सेवा वितरण का प्रभावी उदाहरण बनकर उभरा है. इस अभिनव अभियान के माध्यम से सरकार स्वयं जनता के द्वार तक पहुंचकर उनकी समस्याओं का समाधान सुनिश्चित कर रही है.
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इस अभियान के अंतर्गत प्रदेश के सभी जनपदों में नियमित रूप से आयोजित किये जा रहे जनसेवा शिविरों (कैंपों) के माध्यम से आमजन को प्रशासनिक सेवाएं, शिकायत निवारण, प्रमाण पत्र तथा विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जा रहा है. अब तक प्रदेश भर में कुल 589 जनसेवा कैंप आयोजित किये जा चुके हैं, जिनमें से 8 कैंप आज आयोजित किये गए. इन कैंपों में अब तक कुल 4,63,956 नागरिकों ने प्रतिभाग किया, जिनमें से 4,237 नागरिकों ने आज आयोजित कैंपों में सहभागिता की.
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अभियान के अंतर्गत नागरिकों से प्राप्त शिकायतों एवं प्रार्थना पत्रों के निस्तारण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है. अब तक कुल 45,601 शिकायत-प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 30,723 शिकायतों का सफलतापूर्वक निस्तारण किया जा चुका है.जन-जन के द्वार अभियान के माध्यम से विभिन्न प्रकार के प्रमाण पत्रों के लिए भी नागरिकों से आवेदन प्राप्त किये जा रहे हैं. अब तक कुल 65,528 प्रमाण पत्रों के लिए आवेदन प्राप्त हुए हैं. साथ ही, विभिन्न राज्य एवं केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से अब तक 2,58,056 नागरिकों को लाभान्वित किया जा चुका है.
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