बिहार में मानसून की सक्रियता के बावजूद बारिश की गति सुस्त बनी हुई है। राजधानी पटना समेत राज्य के कई हिस्सों में तीखी धूप और बादलों की आवाजाही के बीच उमस भरी गर्मी ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। सुपौल समेत उत्तर बिहार के करीब छह जिलों का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया है। मौसम विभाग ने स्थिति को भांपते हुए आज राज्य के 15 जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही 14 से 18 अगस्त के बीच पटना सहित कई अन्य क्षेत्रों में तेज मानसूनी बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है। इस दौरान आकाशीय बिजली (वज्रपात) गिरने को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की चेतावनी दी गई है।
बारिश में भारी कमी और तापमान का हाल
राज्य में इस सीजन के दौरान मानसूनी बारिश का आंकड़ा सामान्य से काफी पीछे चल रहा है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 12 अगस्त तक राज्य में सामान्य तौर पर 602.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज होनी चाहिए थी, लेकिन इसके मुकाबले केवल 375.1 मिलीमीटर बारिश ही रिकॉर्ड की गई है। इस प्रकार बिहार में अब तक लगभग 38% कम बारिश हुई है, जिससे खेती-किसानी पर भी संकट के बादल मंडराने लगे हैं। राजधानी पटना की बात करें तो यहां आसमान में बादलों का डेरा रहने के बावजूद बारिश की कमी के कारण उमस और चिपचिपाहट वाली गर्मी बनी हुई है। हालांकि, दोपहर या शाम के वक्त अचानक कुछ इलाकों में तेज बारिश होने की उम्मीद है।
अगले कुछ दिनों का मौसम पूर्वानुमान
मौसम विभाग के मुताबिक, आगामी दिनों में बिहार के मौसम का मिजाज बार-बार करवट लेगा। मानसून ट्रफ की स्थिति में बदलाव और नमी से भरपूर हवाओं के कारण बारिश की गतिविधियों में इजाफा देखने को मिल सकता है।
- 14 अगस्त: गया, जहानाबाद, पटना, कैमूर, रोहतास, औरंगाबाद, नालंदा, शेखपुरा, लखीसराय, बेगूसराय, सारण, वैशाली, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी, सहरसा, सुपौल, पूर्णिया, किशनगंज, कटिहार, खगड़िया और मुंगेर जिलों में भारी बारिश के साथ तेज आंधी चलने की चेतावनी दी गई है।
- 15 अगस्त: स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मौसम पूरी तरह साफ रहने के आसार नहीं हैं। राज्य के कई हिस्सों में आंशिक बादल छाए रहेंगे और कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। उत्तर बिहार में भी बारिश का दायरा बढ़ने की संभावना है।
- 16 अगस्त: इस दिन भी बिहार के विभिन्न हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहेगा। खासकर उत्तर और पूर्वी बिहार के जिलों में मानसूनी गतिविधियों का असर अधिक प्रभावी रूप से देखने को मिलेगा।
मौसम विशेषज्ञों की राय और आगे की स्थिति
मौसम विज्ञानियों का मानना है कि आने वाले दिनों में मानसून ट्रफ के उत्तर की तरफ खिसकने की पूरी संभावना है। इसके कारण बारिश का मुख्य केंद्र बिहार से सटे हिमालय की तलहटी वाले इलाकों और उत्तर-पूर्वी जिलों की ओर शिफ्ट हो सकता है। इसका मतलब यह है कि पूरे राज्य में एक समान बारिश नहीं होगी। कहीं झमाझम पानी बरसेगा, तो कहीं लोगों को चिलचिलाती धूप और उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ेगा।


