हांसी के चानौत गांव में 62 दिनों तक चले पानी के आंदोलन की ऐतिहासिक सफलता के बाद धरना कमेटी ने आगामी 26 जुलाई को एक भव्य भाईचारा एवं सम्मान समारोह आयोजित करने का निर्णय लिया है। दो एकड़ के विशाल क्षेत्र में होने वाले इस कार्यक्रम में आंदोलन में सहयोग देने वाले हरियाणा भर के लोगों का आभार जताया जाएगा।
हांसी। क्षेत्र के चानौत गांव में पानी की किल्लत को लेकर चलाए गए लंबे संघर्ष की बड़ी जीत हुई है। पूरे 62 दिनों तक चले इस ऐतिहासिक पेयजल आंदोलन की कामयाबी के बाद धरना कमेटी ने चानौत गांव में एक विशाल कार्यक्रम आयोजित करने का फैसला किया है। आंदोलन से जुड़े सदस्य अनूप चानौत ने आधिकारिक घोषणा करते हुए बताया कि आगामी 26 जुलाई को गांव की पावन धरा पर 36 बिरादरी का एक भव्य भाईचारा एवं सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा, जिसमें हजारों की तादाद में लोगों के जुटने की उम्मीद है।
तैयारियों को लेकर बैठक
इस बड़े उत्सव और सम्मान समारोह की रूपरेखा तैयार करने के लिए कल सुबह 9 बजे पूरे चानौत गांव के नागरिकों की एक सामूहिक बैठक बुलाई गई है। इस सभा में आयोजन के प्रबंधन और आवश्यक तैयारियों को लेकर ग्रामीणों के बीच महत्वपूर्ण विचार-विमर्श किया जाएगा। यह पूरा कार्यक्रम गांव के भीतर करीब दो एकड़ के एक बड़े भूखंड पर बेहद भव्य तरीके से आयोजित होगा।
सहयोगियों का आभार
धरना कमेटी के प्रतिनिधियों ने बताया कि इस ऐतिहासिक जल सत्याग्रह की सफलता से पूरे ग्रामीण अंचल में भारी उत्साह का माहौल बना हुआ है। दो एकड़ क्षेत्र में होने वाले इस भव्य पंडाल में 36 बिरादरी के प्रबुद्ध जनों के साथ-साथ उन तमाम लोगों को सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने 62 दिनों के कठिन दौर में इस जन आंदोलन को अपना पूरा समर्थन और सहयोग दिया था। कमेटी इस मंच के माध्यम से सभी मददगारों के प्रति अपना आभार प्रकट करेगी।
एकजुट संघर्ष की मिसाल
धरना कमेटी के मुख्य संचालक अनूप चानौत ने कार्यक्रम के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस बड़े आयोजन का एकमात्र लक्ष्य केवल जीत की खुशियां मनाना नहीं है। इसके जरिए पूरे हरियाणा राज्य में यह सकारात्मक संदेश प्रसारित करना है कि यदि लोग आपसी मतभेद भुलाकर एकजुट हो जाएं, तो शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से संघर्ष करके भी सरकार से अपनी जायज मांगें मनवाई जा सकती हैं। इसी जनभावना को मजबूत करने के लिए चानौत की ऐतिहासिक भूमि पर इस सर्वजातीय भाईचारा सम्मेलन की नींव रखी गई है।

