कटक। जिले के बांकी विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मी काफी बढ़ गई है। शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कार्यकर्ताओं ने बीजू जनता दल (बीजद) के विधायक देवी रंजन त्रिपाठी के खिलाफ जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस घटना ने क्षेत्र में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तनाव को एक नए स्तर पर पहुंचा दिया है।
सूत्रों के अनुसार, भाजपा कार्यकर्ताओं का यह गुस्सा स्थानीय विकास कार्यों में कथित अनियमितताओं और विधायक के कामकाज के तरीके को लेकर था। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि विधायक के कार्यकाल में बांकी क्षेत्र के बुनियादी मुद्दों की अनदेखी की गई है। भाजपा ने देवी रंजन त्रिपाठी पर पक्षपात और प्रशासनिक विफलताओं का आरोप लगाते हुए उनके इस्तीफे की मांग की है।
शुक्रवार को भाजपा के सैकड़ों कार्यकर्ता बांकी के मुख्य चौक पर एकत्रित हुए। हाथों में पार्टी के झंडे और तख्तियां लिए कार्यकर्ताओं ने विधायक के खिलाफ नारेबाजी की। देखते ही देखते विरोध प्रदर्शन ने एक ‘राजनीतिक टकराव’ का रूप ले लिया, जब प्रदर्शनकारियों ने विधायक के आवास या उनके कार्यालय की ओर बढ़ने की कोशिश की।

प्रदर्शनकारियों ने “विधायक वापस जाओ” और “विकास विरोधी सरकार नहीं चलेगी” जैसे नारे लगाए।स्थिति को बिगड़ता देख स्थानीय प्रशासन ने भारी पुलिस बल तैनात कर दिया। पुलिस ने कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की ताकि किसी भी प्रकार की हिंसा या झड़प को रोका जा सके।
वहीं दूसरी ओर, बीजद और विधायक देवी रंजन त्रिपाठी के समर्थकों ने इन आरोपों को निराधार बताया है। बीजद नेताओं का कहना है कि भाजपा अपनी खोई हुई राजनीतिक जमीन वापस पाने के लिए इस तरह के हथकंडे अपना रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा जानबूझकर शांतिपूर्ण माहौल को खराब करने की कोशिश कर रही है।
बांकी में हुआ यह विरोध प्रदर्शन ओडिशा की वर्तमान राजनीति की एक झलक पेश करता है, जहां भाजपा आगामी चुनावों को देखते हुए काफी आक्रामक नजर आ रही है। पुलिस फिलहाल इलाके में गश्त कर रही है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को टाला जा सके। स्थानीय लोगों के बीच इस राजनीतिक खींचतान को लेकर काफी चर्चा है, क्योंकि बांकी लंबे समय से राजनीतिक रूप से एक संवेदनशील क्षेत्र रहा है।

