पटना। बिहार की राजनीति में आज का दिन बेहद अहम माना जा रहा है। केंद्र सरकार में मंत्री रहे धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कांग्रेस पार्टी ने अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए इसे अपनी वैचारिक और राजनीतिक जीत के रूप में पेश किया है। पहले से तय कार्यक्रम के अनुसार आज बिहार के सभी जिला मुख्यालयों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा कैंडल मार्च निकाला जाना था, लेकिन अब इसे ‘विजय मार्च’ और श्रद्धांजलि सभा के रूप में आयोजित किया जा रहा है।
​पार्टी का यह कदम देश भर में चर्चा का विषय बने NEET और CBSE परीक्षाओं में हुई धांधली, पेपर लीक और व्यवस्थागत अनियमितताओं के खिलाफ एक कड़ा संदेश है। कांग्रेस नेताओं का साफ कहना है कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाली ताकतों को बख्शा नहीं जाएगा और छात्रों का संघर्ष रंग ला रहा है।

​पटना के सदाकत आश्रम से शुरू होगा मार्च

​राजधानी पटना स्थित कांग्रेस का प्रदेश मुख्यालय ‘सदाकत आश्रम’ इस पूरे घटनाक्रम का केंद्र बन चुका है। सुरक्षा के लिहाज से सदाकत आश्रम के बाहर भारी पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। वहीं, बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजेश राम खुद सदाकत आश्रम पहुंच चुके हैं और पूरी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
​पटना महानगर कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में शाम 5 बजे सदाकत आश्रम से एक भव्य विजय मार्च निकाला जाएगा। इस मार्च में बड़ी संख्या में पार्टी के वरिष्ठ नेता, युवा कार्यकर्ता, छात्र संगठन के प्रतिनिधि और आम छात्र शामिल होने वाले हैं। कांग्रेस ने राज्य के तमाम युवाओं और छात्र संगठनों से अपील की है कि वे इस मार्च में अपनी उपस्थिति दर्ज कराएं और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग को और मजबूत करें।

​युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं: कांग्रेस

​कांग्रेस पार्टी ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि देश के करोड़ों युवाओं और विद्यार्थियों के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता या खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जा सकता। पार्टी का यह प्रदर्शन सिर्फ एक राजनीतिक विरोध नहीं है, बल्कि यह देश के छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों, निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली और एक सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण की मांग को बुलंद करने का माध्यम है।
​कांग्रेस नेताओं का मानना है कि वर्तमान शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही का अभाव हो गया है, जिसके कारण आज देश का युवा सड़कों पर उतरने को मजबूर है। दिल्ली में हाल ही में छात्रों के लोकतांत्रिक आंदोलन के दौरान की गई पुलिस कार्रवाई की भी कांग्रेस ने कड़े शब्दों में निंदा की है। पार्टी ने संकल्प लिया है कि वह शिक्षा व्यवस्था में सुधार और छात्रों के सम्मान की रक्षा के लिए सड़क से लेकर सदन तक अपना संघर्ष जारी रखेगी।