लातेहार। जिला मुख्यालय और प्रखंड मुख्यालय से करीब आधा दर्जन गांवों को जोड़ने वाली गुरगु-ओरवाई सड़क की पुलिया इन दिनों बेहद जर्जर हालत में पहुंच गई है। पुलिया का फाउंडेशन और मुख्य खंभा मिट्टी के कटाव के कारण कमजोर हो चुका है। ऐसे में यहां से गुजरना ग्रामीणों के लिए जोखिम भरा साबित हो रहा है।

बताया जा रहा है कि इस वर्ष लगातार हुई मूसलाधार बारिश के दौरान गुरगु गांव में स्थित एक बांध टूट गया था। बांध टूटने के बाद नदी में पानी का बहाव काफी तेज हो गया, जिससे पुलिया के नीचे की मिट्टी का बड़े पैमाने पर कटाव हुआ। इसका सीधा असर पुलिया के फाउंडेशन पर पड़ा और उसका मुख्य खंभा भी नीचे से कमजोर हो गया।

अगली बारिश में बढ़ सकता है खतरा

ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया काफी पुरानी है और वर्तमान में इसकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। यदि दोबारा तेज बारिश हुई और नदी में बाढ़ आई, तो पुलिया को और नुकसान पहुंच सकता है। ऐसे में इसके पूरी तरह क्षतिग्रस्त होने की आशंका से ग्रामीण चिंतित हैं।

दो पंचायत और कई गांवों के लिए अहम रास्ता

गुरगु-ओरवाई पथ की यह पुलिया तरवाडीह और बेंदी पंचायत को आपस में जोड़ती है। इसके अलावा ओरवाई, छतरीटांड़, भोकाखाड़ समेत कई गांवों के सैकड़ों ग्रामीण इसी रास्ते से प्रखंड और जिला मुख्यालय तक पहुंचते हैं। पुलिया के क्षतिग्रस्त होने की स्थिति में इन गांवों के लोगों को लंबा वैकल्पिक रास्ता तय करना पड़ सकता है।

स्थानीय निवासी और वरिष्ठ कांग्रेसी नेता पंकज तिवारी ने कहा कि भारी बारिश और बाढ़ के कारण पुलिया के नीचे मिट्टी का कटाव हुआ है। उन्होंने बताया कि पुलिया काफी पुरानी है और मौजूदा स्थिति में यह खतरनाक हो गई है। समय रहते मरम्मत नहीं की गई तो पुलिया ध्वस्त हो सकती है।

वहीं, लातेहार प्रखंड के उप प्रमुख राजकुमार प्रसाद ने बताया कि बांध टूटने के बाद पानी के तेज बहाव से पुलिया के नीचे भारी कटाव हुआ है। यह पुलिया दो पंचायतों के साथ-साथ कई गांवों को प्रखंड और जिला मुख्यालय से जोड़ती है। उन्होंने प्रशासन से जल्द आवश्यक कदम उठाने की मांग की है।

जांच के बाद होगी कार्रवाई

मामले में लातेहार के उप विकास आयुक्त सैयद रियाज अहमद ने कहा कि पुलिया की स्थिति की जांच कराई जाएगी। जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।