गया। बिहार विधानसभा के आगामी मानसून सत्र को और अधिक प्रभावी एवं सुचारू बनाने के उद्देश्य से जनप्रतिनिधियों के लिए एक महत्वपूर्ण आयोजन किया जा रहा है। गया स्थित बिपार्ड परिसर में 11 और 12 जुलाई को दो दिवसीय ‘प्रबोधन कार्यक्रम’ का आयोजन किया गया है। इसका मुख्य लक्ष्य विधायकों को विधायी प्रक्रियाओं, संसदीय गरिमा और सुशासन के बुनियादी सिद्धांतों से रूबरू कराना है।

​दिग्गज हस्तियों का मार्गदर्शन

​इस प्रशिक्षण कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाने के लिए देश और राज्य के कई वरिष्ठ नेता उपस्थित रहेंगे। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश विशेष रूप से इस कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसके अलावा, बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव भी अपना मार्गदर्शन देंगे। विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार और विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह भी सत्र को संबोधित करेंगे, जिससे विधायकों को संसदीय अनुभव और सुशासन के व्यावहारिक पहलुओं को समझने का अवसर मिलेगा।

​विधायी कार्यों की बारीकियां

​यह प्रशिक्षण विधानसभा सचिवालय, लोकसभा की प्रख्यात संस्था प्राइड (PRIDE) और राज्य सरकार के बिपार्ड के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हो रहा है। कार्यक्रम के दौरान प्राइड के विशेषज्ञ प्रशिक्षक विधायकों को सदन के कामकाज, विधायी नियमों की प्रक्रिया, संसदीय मर्यादाओं का पालन करने और एक जन-प्रतिनिधि के रूप में उनकी भूमिका व जिम्मेदारियों पर विस्तृत जानकारी देंगे। यह सत्र न केवल नवागत विधायकों के लिए उपयोगी होगा, बल्कि अनुभवी विधायकों के लिए भी विधायी प्रक्रियाओं के अद्यतन ज्ञान के लिए महत्वपूर्ण साबित होगा।

​तैयारियों को अंतिम रूप

​कार्यक्रम की सफलता सुनिश्चित करने के लिए विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की गई। बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी समेत राज्य सरकार और विधानसभा सचिवालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इसमें पूरे आयोजन की रूपरेखा, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य प्रशासनिक तैयारियों का विस्तृत जायजा लिया गया। यह प्रबोधन कार्यक्रम बिहार की संसदीय कार्यप्रणाली को और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है, ताकि सदन में जनहित से जुड़े मुद्दों पर अधिक गंभीरता और स्पष्टता के साथ चर्चा हो सके।