सुरेश पांडेय, सिंगरौली। मध्य प्रदेश के सिंगरौली में सरकारी दावों और जमीनी हकीकत का बड़ा अंतर सामने आया है। संभागीय कमिश्नर शैलेंद्र सिंह जब अचानक जियावन स्थित अनुसूचित जाति सीनियर बालिका छात्रावास पहुंचे, तो वहां की बदहाली देखकर हर कोई दंग रह गया। छात्राओं ने अधिकारियों के सामने न सिर्फ खराब खाने की पोल खोली, बल्कि यह भी बताया कि उनसे बर्तन तक धुलवाए जाते हैं।

READ MORE: इंदौर में दिनदहाड़े ठगी: एटीएम का पता पूछने के बहाने रोका, सम्मोहित कर उड़ा ले गए सोने के गहने 

संभागीय कमिश्नर शैलेंद्र सिंह, कलेक्टर गौरव बैनल और जिला पंचायत सीईओ संघप्रिय के साथ जियावन के अनुसूचित जाति सीनियर बालिका छात्रावास नंबर 2 के औचक निरीक्षण पर पहुंचे। अधिकारियों के पहुंचते ही छात्रावास प्रबंधन में हड़कंप मच गया। छात्राओं की आपबीती सुनने के बाद कमिश्नर शैलेंद्र सिंह ने मौके पर मौजूद संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को कड़ी फटकार लगाई। कमिश्नर ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं, जिसमें खाने की गुणवत्ता, छात्राओं से कराए जाने वाले काम और वार्डन के व्यवहार की विस्तृत पड़ताल की जाएगी।

READ MORE: राजधानी में बेखौफ चोरों का दुस्साहसः ट्रैफिक एसीपी के घर से 20 लाख नकद और 50 तोला सोना चोरी

छात्राओं की हिम्मत की वजह से यह पूरा मामला अब सामने आ चुका है और कमिश्नर ने सख्त कार्रवाई के संकेत दिए हैं। देखना होगा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद लापरवाह कर्मचारियों और वार्डन पर क्या एक्शन लिया जाता है।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m