अनुज पांडेय, गोपालगंज। गोपालगंज जिले के बरौली प्रखंड के दो युवा ताइक्वांडो खिलाड़ियों, भवानी सिंह और रिया सिंह ने अपनी मेहनत और संघर्ष के बल पर एक नया इतिहास रच दिया है। रतनसराय निवासी भवानी सिंह और रामपुर सदौवां की रिया सिंह का चयन ‘वर्ल्ड ताइक्वांडो पूमसे चैंपियनशिप 2026’ के लिए भारतीय टीम में हुआ है। दोनों खिलाड़ी 16 से 20 सितंबर तक दक्षिण कोरिया के चुनचॉन में आयोजित होने वाली इस विश्व प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।गांव और छोटे कस्बे की पगडंडियों से निकलकर अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचने का यह सफर दोनों खिलाड़ियों के लिए आसान नहीं था।
राष्ट्रीय स्पर्धाओं में लगातार शानदार प्रदर्शन
ताइक्वांडो फ्रीस्टाइल पूमसे के खिलाड़ी भवानी सिंह ने राष्ट्रीय स्तर की चार प्रतियोगिताओं में पदक हासिल किए हैं। खेल के साथ-साथ वह वर्ष 2025 से गोपालगंज ताइक्वांडो संघ के संयुक्त सचिव और रेफरी चेयरमैन के रूप में भी योगदान दे रहे हैं। भवानी के पिता बृजेंद्र सिंह ने इस उपलब्धि को पूरे गांव और जिले के लिए गर्व का क्षण बताया है।वहीं, रिया सिंह की कहानी अपार संघर्ष और अटूट हौसले की मिसाल है। पिता स्व. उपेंद्र सिंह के निधन के बाद भी रिया ने अपना लक्ष्य नहीं छोड़ा। उनकी मां कुमारी प्रियंका और बहन के निरंतर प्रोत्साहन ने उन्हें आगे बढ़ाए रखा। कई पदक जीत चुकीं रिया को बिहार राज्य खेल सम्मान से भी नवाजा जा चुका है।दोनों खिलाड़ियों की सफलता में ताइक्वांडो एसोसिएशन ऑफ बिहार के महासचिव सुधीर कुमार सिंह, गोपालगंज ताइक्वांडो संघ के महासचिव आर्यन पांडेय और उनकी कोचिंग टीम का विशेष मार्गदर्शन रहा है।
सरकार ने दूर की आर्थिक तंगी की बाधा
चयन के बाद दोनों खिलाड़ियों के सामने दक्षिण कोरिया की यात्रा और प्रतियोगिता में शामिल होने का खर्च जुटाना एक बड़ी चुनौती बन गया था। इसके लिए खिलाड़ियों ने राज्य सरकार से आर्थिक सहायता का आग्रह किया था।
मामले को संज्ञान में लेते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ के माध्यम से दोनों खिलाड़ियों को बधाई दी और उनके आग्रह को स्वीकार करते हुए 2-2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने लिखा कि गोपालगंज के भवानी सिंह और रिया सिंह का दक्षिण कोरिया में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए चयन होना बिहार और पूरे देश के लिए अत्यंत गर्व का विषय है। उन्होंने दोनों खिलाड़ियों को आर्थिक मदद की मंजूरी देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन की कामना की।



